झालावाड़

हाड़ौती और मालवा की नाट्य परम्परा का सुन्दर समन्वय भवानीनाट्यशाला

    -भवानी नाट्यशाला का 101वाँ स्थापना दिवस मनाया
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Updated: 17 Jul 2022, 8:51 PM IST
Beautiful coordination of the theatrical tradition of Hadoti and Malwa
हाड़ौती और मालवा की नाट्य परम्परा का सुन्दर समन्वय भवानीनाट्यशाला

झालावाड़.पर्यटन विकास समिति द्वारा शनिवार शाम भवानी नाट्यशाला परिसर में भवानी नाट्य शाला का 101वां स्थापना दिवस मनाया गया। इस मौके पर आयोजित संगोष्ठी के मुख्य अतिथि राजस्थान शिक्षा विभाग के पूर्व संयुक्त निदेशक अम्बालाल सेन ने कहा कि आज के सामाजिक वातावरण में समन्वय, सौहार्द पैदा करने में संगीत, नाटक का बड़ा योगदान है और भवानी नाट्यशाला का अतीत हमें सामाजिक सांस्कृतिक सौहार्द पुन: स्थापित करने का स्मरण कराता है। कोटा न्यायिक कर्मचारी संघ के अध्यक्ष हनुमान प्रसाद शर्मा ने कहा कि भवानी नाट्यशाला की संास्कृतिक अस्मिता को वापस जाग्रत करने के लिए हम सभी को टीम भावना से योजना तैयार कर प्रशासन के माध्यम से सरकार को पहुंचाना होगा ताकि इसका स्वरूप वापस लाया जा सकें।


नाटक अकादमी की शाखा हो स्थापित-
पर्यटन समिति के अध्यक्ष दिनेश सक्सेना ने कहा कि इस नाट्यशाला में नाटक अकादमी की एक शाखा स्थापित होना चाहिए जिससे हाड़ौती और मालवा की नाट्य परम्परा का सुन्दर समन्वय होगा तथा इससे पर्यटन को बढ़ावा मिलेगा।


ये रहे मौजूद-
संगोष्ठी में नफीस शेख, भवानी नाट्यशाला का नक्शा बनाने वाले झालावाड़ राज्य के मिलेट्री एंव होम मिनिस्टर रहे ठाकुर उमराव सिंह के वशंज ठाकुर मंजीत सिंह कुशवाह, सुरेन्द्र कुमार सोनी ने भी विचार रखे। संगोष्ठी में पुरातत्व संग्रहालय के लिपिक अजय शर्मा, दीर्घापरिचायक अशोक शर्मा, लक्ष्मीकान्त शर्मा, डॉ. विक्रम टांक, समिति कोषाध्यक्ष कन्हैयालाल कश्यप, रक्तदाता समिति के भूपेन्द्र नामदेव, भारत सिंह, उमाकान्त शर्मा, भगवती प्रसाद मेहरा, महेन्द्र अग्रवाल, पुस्तकालयाध्यक्ष कैलाश राव, नन्दकिशोर कश्यप आदि मौजूद रहे। संचालन ओम पाठक,आभार अलीम बेग ने व्यक्त किया।

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17 Jul 2022, 8:51 PM IST
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