झालावाड़

बैरंग लौटी बारात, शादी रुकवाने अचानक पहुंचा प्रशासन, मंडप में बैठी रह गई दुल्हन, जानें पूरा मामला

Jhalawar News: दुल्हन के नाबालिग मिलने पर टीम ने उसके परिवार को समझाया और पाबंद किया कि वह बालिका के बालिग होने के बाद ही उसकी शादी कर सकते हैं।
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Child Marriage In Rajasthan: झालरापाटन जिला प्रशासन ने सोमवार रात झालावाड़ के संजय कॉलोनी में नया तालाब के पास हो रहे एक बाल विवाह को रुकवाकर बारात को बैरंग लौटा दिया। यह कार्रवाई बाल अधिकारिता विभाग और चाइल्ड हेल्पलाइन की सूचना पर की गई। बाल अधिकारिता विभाग के सहायक निदेशक सुरेंद्र पूनिया ने बताया कि चाइल्ड हेल्पलाइन पर सूचना प्राप्त हुई कि कोतवाली झालावाड़ क्षेत्र में एक बालिका का बाल विवाह होने जा रहा है, जिसकी उम्र सत्रह साल है। सूचना मिलने पर चाइल्ड हेल्पलाइनए कोतवाली पुलिसए तहसीलदारए और उपखंड प्रशासन के अधिकारियों ने संयुक्त रूप से कार्रवाई की।

चल रहा था कार्यक्रम

मौके पर पहुंचे अधिकारियों ने देखा कि वहां मंगल गीत गाए जा रहे थे और कुछ लोग डीजे की धुन पर नाच रहे थे। नाबालिग दुल्हन बैठकर दूल्हे और बारात का इंतजार कर रही थी। प्रशासन ने तुरंत बालिका के आयु संबंधित दस्तावेजों का सत्यापन किया, जिसमें उसकी आयु 17 वर्ष 8 माह पाई गई।

परिवार को समझाया

दुल्हन के नाबालिग मिलने पर टीम ने उसके परिवार को समझाया और पाबंद किया कि वह बालिका के बालिग होने के बाद ही उसकी शादी कर सकते हैं। इस दौरान मौका फर्द बनाकर परिवार के सभी सदस्यों और रिश्तेदारों से हस्ताक्षर कराए गए।

चाइल्ड हेल्पलाइन समन्वयक सुनील कुमार पाटीदार ने बताया कि रिश्तेदारों को कानून का पाठ पढ़ाया गया और उन्हें बताया गया कि यदि वे शादी के लिए समय या स्थान बदलने का प्रयास करते हैं तो यह भी कानूनी रूप से अपराध होगा। उन्होंने बालिका को बाल कल्याण समिति के समक्ष पेश किया और अस्थाई रूप से वन स्टॉप सेंटर में प्रवेश दिलवाया। इसके बाद बारात को वापस लौटा दिया गया।

Updated on:
23 Apr 2025 11:12 am
Published on:
23 Apr 2025 10:47 am