झालावाड़

मेडिकल छात्रा से यौन शोषण की गूंज दिल्ली तक

जांच समिति ने माना, मेडिकल छात्रा का यौन शोषण हुआ, फिजियोलॉजी विभागाध्यक्ष दोषी

3 min read
मेडिकल कॉलेज की पीजी की एक छात्रा ने 12 दिसंबर डॉ. शेट्टी के खिलाफ डीन को लिखित में शिकायत की थी

मेडिकल कॉलेज झालावाड़ में फिजियोलॉजी के विभागाध्यक्ष डॉ. श्रीकांत शेट्टे जांच में महिला उत्पीडऩ के दोषी पाए गए हैं। मामले में जांच कर रही महिला उत्पीडऩ समिति की सात सदस्य टीम ने शेट्टे को दोषी मानते हुए नियमानुसार कार्रवाई की अनुशंसा की है। समिति ने जांच डीन को भेजी है, डीन ने जांच चिकित्सा शिक्षा निदेशक को भेज दी है। जांच में ये भी सामने आया है कि शेट्टे द्वारा विभाग में अध्ययनरत अन्य विद्यार्थियों को पीडि़त बालिका का सपोर्ट नहीं करने की बात कही गई है। जांच समिति को सभी फैकल्टी व छात्रों ने बताया कि डॉ.शेट्टे की महिलाओं के प्रति सोच एवं व्यवहार गलत है। उनके द्वारा समय-समय पर महिलाओं के लिए अभद्र भाषा का प्रयोग किया जाता है। विभागीय बैठक आदि में भी डबल मिनिंग बातें की जाती है। लैब में लड़कों की जगह लड़कियों को काम- जांच में ये भी सामने आया है कि क्लिनिकल लैब में होने वाले परीक्षणों में लड़कों की जगह लड़कियों को सब्जेक्ट बनाने के लिए कहा जाता है।


समिति ने की नियमानुसार कार्रवाई की अनुशंसा
सभी तथ्यों के आधार पर कमेटी ने पाया कि डॉ.शेट्टे द्वारा महिलाओं के सामने अभद्र एवं डबल मिनिंग जोक्स विभागीय बैठकों में किए जाते है। हालांकि घूरने व बेड टच के संबंध में जांच कमेटी को कोई साक्ष्य नहीं मिला। जांच में सामने आया है कि डॉ.शेट्टे कि महिलाओं के प्रति बोलने का तरीका अभद्र एवं अनुचित मिला। उक्त सभी बिन्दुओं के आधार पर जांच समिति ने डॉ.शेट्टे के खिलाफ नियमानुसार उचित कार्यवाही करने की अनुशंसा की है।


समिति ने सौंपी जांच
जांच समिति ने रिपोर्ट बुधवार को डीन डॉ.शिव भगवान शर्मा को सौंपी थी, ऐसे में डीन द्वारा जांच को यथावत निदेशक चिकित्सा शिक्षा को भेज दी है। अब इस संबंध में आगे की कार्रवाई निदेशालय स्तर पर ही होगी।


9 दिन में पूरी हुई जांच
मेडिकल कॉलेज की पीजी की एक छात्रा ने 12 दिसंबर डॉ. शेट्टी के खिलाफ डीन को लिखित में शिकायत की थी, इसके बाद डीन ने महिला उत्पीडऩ समिति को जांच सौंप दी थी। महिला उत्पीडऩ समिति ने 9 दिनों में जांच पूरी मर 21 दिसंबर को फाइनल जांच डीन को सौंप दी।जांच करने वाली महिला उत्पीडऩ समिति में 7 सदस्य है, जिसमें 5 महिला व 2 पुरुष चिकित्सक शामिल है।


मामले की गूंज दिल्ली तक
मामला इतना गंभीर है कि मामले की गूंज दिल्ली तक पहुंच गई है। अब स्वास्थ्य सेवा महानिदेशालय भारत सरकार ने झालावाड़ मेडिकल कॉलेज के डीन डॉ.शिवभगवान शर्मा से तथ्यात्मक रिपोर्ट मांगी है। स्वास्थ्य सेवाएं भारत सरकार की डिप्टी डायरेक्टर जनरल डॉ.अमिता बाली ने झालावाड़ मेडिकल कॉलेज डीन को पत्र लिखकर पूरे मामले में तथ्यात्मक रिपोर्ट पेश करने के लिए कहा है। साथी उन्होंने पूछा है कि अब तक इस मामले में क्या कार्रवाई की गई है। शुक्रवार दोपहर पत्र मिलने के बाद मेडिकल कॉलेज कार्यालय में हड़कंप मच गया। मेडिकल कॉलेज की ओर से तत्काल जवाबी पत्र लिखकर डिप्टी डायरेक्टर जनरल को अवगत कराया गया है।

ये था मामला
पीजी की एक छात्रा ने 12 दिसंबर को फिजियोलॉजी विभागध्यक्ष डॉ.श्रीकांत शेट्टे के खिलाफ शिकायत की थी। छात्र का कहना था कि शेट्टे उसे अकेले में केबिन में बुलाकर उसके साथ बेड टच करते हैं। और उसे एप्रेन उतारने को कहते हैं। साथ उसे चाय कॉफी व खाने के लिए होटल में ले जाने के लिए दबाव भी बनाते हैं। शिकायत मिलने के बाद डीन ने मेडिकल कॉलेज की ही महिला उत्पीडऩ समिति को जांच सौंपी थी। जांच में शेट्टे दोषी पाए गए।


जांच समिति ने जांच सौंप दीहै। मैंने मेरी तरफ से जांच निदेशक चिकित्सा शिक्षा को भेज दी है। इस मामले में अब आगे की जो भी कार्रवाई होगी जयपुर के स्तर पर ही होगी।
डॉ. शिवभगवान शर्मा, डीन मेडिकल कॉलेज, झालावाड़

Published on:
23 Dec 2023 12:16 pm
Also Read
View All