
रीछवा. नसीराबाद ग्राम पंचायत में मंगलवार रात कलक्टर सिद्धार्थ सिहाग की अध्यक्षता में रात्रि चौपाल लगी। इसमें सामाजिक सुरक्षा पेंशन, पीएम आवास, घरों में शौचालय निर्माण, गौशाला खोलने के साथ जमीन आवंटित करने, नसीराबाद से गाड़ा गांव से पक्का सड़क निर्माण, आम रास्तों में हो रहे अवैध अतिक्रमण हटाने, कृषि पाइप लाइन सब्सिडी दिलाने, खोली गांव में स्कूल का पट्टा चारदीवारी बनाने, संस्कृत स्कूल में अतिरिक्त कक्षा कक्ष बनाने, प्रहलादपुरा गांव में पुलिया निर्माण करने सहित अन्य कई जनसमस्याओं के समाधान के प्रार्थना पत्र ग्रामीणों ने दिए।
वृद्ध महिला धापू बाई, कमला बाई व अन्य ग्रामीणों ने लंबे समय से वृद्धावस्था पेंशन रुकने की समस्या बताई। इस पर कलक्टर ने ई मित्र केन्द्र पर जाकर सत्यापन कराने की सलाह दी। महिला बाल विकास विभाग ने दुर्गेश बाई की गोद भराई व छह माह के बालक हार्दिक का अन्न प्रासन्न कलक्टर के हाथों से कराया। किसानों ने 2016 की खरीफ फसल खराबा का मुआवजा अभी तक नहीं मिलने की शिकायत की। कलक्टर ने बकानी तहसीलदार अशोक मित्तल से जानकारी लेना चाही तो तहसीलदार बगले झांकने लगे। इस पर कलक्टर ने नाराजगी जताई। जाहिर करते हुए सभी किसानों को फसल खराबा की मुआवजा राशि उनके खातों सामाजिक सुरक्षा के पेंशन पीपीओ वृद्ध ग्रामीणों को वितरित किए। रात्रि चौपाल में उपखण्ड अधिकारी राकेश मीणा, विकास अधिकारी राजीव तौमर, नसीराबाद सरपंच रोशन लोधा, ग्राम विकास अधिकारी बाबूलाल मेहर, राजाराम मीणा, सीएमएचओ डॉ. मोहम्मद साजिद खान, ब्लॉक सीएमएचओ डॉ. कुलवीर सिंह, महिला बाल विकास उपनिदेशक डॉ जीएम सैय्यद, कानूगो जयराज मंडौत, नायब तहसीलदार ओमप्रकाश दाधीच, सहायक कृषि अधिकारी ओमप्रकाश गोड़, पीएचडी विभाग के अभियंता सोनू बलवानी अन्य विभागों के अधिकारी व कर्मचारी मौजूद रहे।
पीएचसी का निरीक्षण
कलक्टर सिदार्थ सिहाग ने मंगलवार रात रीछवा पीएचसी का निरीक्षण किया। अस्पताल के पीछे कंटीली झाडिय़ा नजर आने पर कटाने के निर्देश दिए। मेडिकल वेस्ट सामग्री को नष्ट करने के स्थान की मरम्मत करने, प्रसव की संख्या बढ़ाने के निर्देश भी दिए। नि:शुल्क दवा योजना व जांच योजना की जानकारी ली। उन्होंने दवा योजना की स्टॉक एंट्री को जांचा व कार्य प्रणाली को समझा। कलक्टर ने वार्ड रूम में बेड पर नीली बेड शीट बिछाने व मरीजों को आरओ से जुड़े हुए वाटर कूलर का पेयजल उपलब्ध करवाने के स्वास्थ विभाग के नवाचार को सराहा।