- झालावाड़ एसपी ने संभाली कमान
झालावाड़ जिले के सारोला कलां थाना क्षेत्र में बुधवार को रंजिश को लेकर दो पक्षों में झगड़ा होने के बाद दोनों पक्षों के दो युवकों की मौत हो गई। इसके बाद एक पक्ष के लोगों में गहरा आक्रोश फैल गया है। शव को लेकर जाम लगा दिया है। पुलिस हिरासत में मौत का आरोप लगाते हुए गुर्जर समाज ने पुलिस कर्मियों को निलम्बित करने की मांग की है। थाने को घेर दिया है। मौके पर भारी पुलिस जाप्ता तैनात है। झालावाड़ एसपी किरनकंग सिद्दू मौके पर डटी हुई है।
खानपुर पुलिस उप अधीक्षक राजीव परिहार ने बताया कि सारोला थाने के बरेड़ा गांव में दो पक्षों में विवाद चल रहा है। बुधवार को कोटा से एक पक्ष खेत की बुवाई करने आया था और रंजिश के चलते पुलिस जाप्ता भी मांगा था। सारोला थाने से पुलिस के चार जवान खेत पर भेजे गए। खेत की बुवाई हो चुकी थी। थोड़ा हिस्सा शेष रहा था। इतने में बीज खत्म होने से एक पक्ष के दो व्यक्ति टै्रक्टर चालक भरत धाकड़ व देवकरण बीज लेने बरेड़ा गांव चले गए। जहां दूसरे पक्ष के पप्पू गुर्जर व अन्य में झगड़ा हो गया। पप्पूलाल गुर्जर आदि ने भरत के साथ मारपीट की। वहीं देवकरण भाग गया। मौके पर पुलिस के पहुंचने पर पप्पू गुर्जर निवासी बरेड़ा, परमानन्द व गंभीर घायल भरत धाकड़ को लेकर पुलिस तारज चिकित्सालय पहुंची। यहां भरत धाकड़ को एसआरजी चिकित्सालय झालावाड़ लेकर आए ,लेकिन गंभीर होने से कोटा रैफर कर दिया। जहां ट्रैक्टर चालक भरत धाकड़ पुत्र बाबूलाल निवासी सारोला की इलाज के दौरान कोटा में मौत हो गई। वहीं दूसरे पक्ष के पप्पू गुर्जर की अचानक तबीयत बिगड़ गई, जिसे अस्पताल में भर्ती कराया गया। उसकी कुछ ही देर में इलाज के दौरान मौत हो गई। झगड़े की सूचना पर पुलिस उपअधीक्षक राजीव परिहार मौके पर पहुंचे। ऐहतियात के तौर पर खानपुर, असनावर, मंडावर, पनवाड़ घाटोली, भालता, रायपुर व उन्हैल, खानपुर,अकलेरा समेत 10 थानों के अतिरिक्त पुलिस जाप्ता तैनात किया है। प्रत्यक्षदर्शी व सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार पुलिस मौजूदगी में सारोला निवासी भरत नागर (25) बरेड़ा माल में टैक्टर से सोयाबीन उराई करने गया था। इस दौरान सोयाबीन खत्म होने पर चालक मेड पर बीज लेने गया था। वहां पहले से बैठे पांच सात जनों ने धारदार हथियारों से उस पर ताबड़ तोड़ हमला कर दिया। बाद में उसकी कोटा में उपचार के दौरान मौत हो गई। मारपीट करने वाले पप्पू गुर्जर की भी मौत हो है। परिजनों व समाज बन्धुओं ने पुलिस के खिलाफ कार्रवाई की मांग को ले कर पोस्टमार्टम कराने से इनकार कर दिया। जब तक पुलिस के खिलाफ काईवाई नहीं होगी तब तक का पोस्टमार्टम नहीं करवाएंगे। एक पक्ष के मुकेश गुर्जर, हेमराज गुर्जर, तेजकरण गुर्जर, सोनू गुर्जर, सरपंच रोशन गुर्जर समेत आस पास के गांवों के लोग तहसील के सामने धरने पर बैठ गए। धरनार्थियों ने आरोप लगाया पुलिस पैसे लेकर जमीन हंकाने गई थी। जबकि पुलिस जीप में पप्पू व परमानंद साथ बैठा था। पुलिस ने लात घूंसो से पप्पू को मार देने का आरोप लगाया। पुलिस के खिलाफ मामला दर्ज करने की मांग की है। पुलिस उपअधीक्षक ने पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने व जांच के बाद काईवाई के आश्वासन देने के बाद लोग नहीं माने। इसके बाद धरने पर बैठ गए।