झालावाड़

झालावाड़ मे​डिकल कॉलेज के रेजीडेंट ने लिया बड़ा फैसला

समस्याओं का नहीं हुआ समाधान तो 29 जनवरी से करेंगे कार्य बहिष्कार
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Updated: 28 Jan 2024, 1:59 PM IST
Resident of Jhalawar Medical College took a big decision
झालावाड़ मेडिकल कॉलेज के डीन डॉ. ​शिवभगवान शर्मा को अपनी समस्याएं बताते पीजी रेजीडेंट।

मेडिकल कॉलेज झालावाड़ के पीजी रेजीडेंट को इन दिनों खासी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। रेजिडेंट को प्रोफेसर के अभाव में परीक्षा से वंचित होना पड़ेगा। ऐसे में करीब 52 रेजिडेंट का भविष्य दांव पर लगा हुआ है। सबसे ज्यादा परेशानी एनेस्थीसिया व माइक्रोबायोलॉजी के विद्यार्थियों को उठानी पड़ रही है, ऐसे में लंबे समय से प्रोफेसर की मांग कर हैं। रेजिडेंट ने मांग पूरी नहीं होने पर 29 जनवरी से अनिश्चितकालीन हड़ताल पर जाने का निर्णय लिया। इसके लिए लिखित में डीन को अवगत कराया है।

आठ की जगह एक ही प्रोफेसर

एनेस्थीसिया विभाग के रेजिडेंट ने बताया कि मेडिकल कॉलेज झालावाड़ में उनके विभाग में एक ही प्रोफेसर है जबकि यहां 52 रेजिडेंट अध्ययन करते हैं। एनेस्थीसिया विभाग मेडिकल लाइन का सबसे महत्वपूर्ण विभाग माना जाता है। इसके बिना कोई भी आपरेशन व सर्जरी नहीं की जा सकती है। विभाग में चार सीनियर प्रोफेसर व चार एसोसिएट प्रोफेसर की आवश्यकता है जबकि अभी एक ही प्रोफेसर है। ऐसे में प्रोफेसर के अभाव में दिसम्बर में थिसीस कंप्लीट नहीं होने से परीक्षा से वंचित हो जाएंगे। प्रोफेसर नहीं होने से एनेस्थीसिया की पांच सीट एनएमसी ने कम कर दी, इसका भी नुकसान आने वाले समय में मरीजों को उठाना पड़ेगा।

ढाई करोड़ का वेतन बकाया

रेजिडेंट ने बताया कि प्रथम, द्वितीय व तृतीया वर्ष के करीब 280 रेजीडेंट का वेतन करीब ढाई करोड रुपए बकाया जो अभी तक उनको नहीं मिला। ऐसे में उन्हें आर्थिक परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।

1 साल से लगा रहे हैं गुहार
रेजीडेंट ने बताया कि माइक्रोबायोलॉजी व एनेस्थीसिया विभाग के विभागाध्यक्ष व मेडिकल कॉलेज के डीन को लिखित में अवगत करा दिया,लेकिन कोई सुनवाई नहीं होने से अब वो 29 से अनिश्चयकालीन हड़ताल पर जाएंगे।


फीस ले ली लेकिन सुविधाएं नहीं दी

बीते कई दिनों से पीजी बॉयज हॉस्टल की पार्किंग को पीडब्लूडी ने मलबा डालकर अवरुद्ध कर रखा है। न्यू पीजी हॉस्टल के पीछे पार्किंग स्थल के बीच फेंसिंग कर सुरक्षा की गई है, उसकी जगह स्थायी दीवार का निर्माण करवा कर गेट लगाया जाए। पीजी हॉस्टल में आरओ की नियमित सर्विस व साफ-सफाई नहीं होती। पीजी बॉयज हॉस्टल में नव निर्मित बैडमिंटन कोर्ट में मार्किंग नहीं की गई है। यहां लाइट की सुविधा भी नहीं है। पीजी रेजीडेंट्स से स्पोर्ट्स एवं जिम की फीस ली गई है लेकिन अभी तक सुविधाएं उपलब्ध नहीं करवाई गई है।

हम नहीं चाहते है कि मरीज परेशान हो, लेकिन हमारा पीजी करना बेकार हो रहा। बिना थीसिस कंप्लीट हुए हम दिसंबर में आयोजित परीक्षा नहीं दे पाएंगे। ऐसे में सभी ने 29 जनवरी से अनिश्चितकालीन हड़ताल पर जाने का निर्णय लिया है।
डॉ. ललित पाटीदार, अध्यक्ष रेजिडेंट डॉक्टर एसोसिएशन मेडिकल कॉलेज झालावाड़

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