डिफेंस कॉरिडोर: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के आत्मनिर्भर भारत के सपने को साकार करने में यूपी ने एक और बड़ा कदम उठाया है। योगी सरकार ने राज्य में डिफेंस कॉरिडोर को वर्ल्ड क्लास इन्फ्रास्ट्रक्चर बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण निर्णय लिया है। इस परियोजना के अंतर्गत चित्रकूट, झांसी, अलीगढ़, और कानपुर तक हथियारों का कारखाना बनने जा रहा है।
Jhansi News: डिफेंस इंडस्ट्रियल कॉरिडोर के निर्माण में योगी सरकार द्वारा करीब 950 करोड़ रुपये खर्च किए जा रहे हैं। इस योजना के तहत, सड़कों, बिजली, पानी, सीवर और सुरक्षा के उच्चस्तरीय प्रबंध किए जा रहे हैं। यूपी में डिफेंस इंडस्ट्रियल कॉरिडोर के 6 नोड हैं, जिनमें से 5 नोड के लिए यह राशि निर्धारित की गई है। यूपीडा के अनुसार, अब तक करीब 187 करोड़ रुपये के कार्य पूरे हो चुके हैं और 537 करोड़ रुपये के कार्य निर्माणाधीन हैं।
यूपीडा द्वारा झांसी, अलीगढ़, कानपुर, लखनऊ और चित्रकूट नोड में इन्फ्रास्ट्रक्चर डेवलपमेंट के कार्यों के लिए 941.19 करोड़ रुपये खर्च होने हैं। इनमें झांसी नोड पर सबसे अधिक 517 करोड़ रुपये खर्च किए जा रहे हैं। इसमें 102 करोड़ रुपये के कार्य पूरे हो चुके हैं, जबकि 376 करोड़ रुपये के कार्य निर्माणाधीन हैं।
लखनऊ नोड में 166 करोड़ रुपये के कार्य हो रहे हैं, जिनमें से 14 करोड़ रुपये के कार्य पूरे हो चुके हैं और 82 करोड़ रुपये के कार्य निर्माणाधीन हैं। इसके अलावा चित्रकूट नोड में 71 करोड़ रुपये खर्च किए जाएंगे, जहां 39 लाख रुपये के कार्य निर्माणाधीन हैं।
रक्षा उत्पादन में आत्मनिर्भरता की दिशा में यूपी डिफेंस इंडस्ट्रियल कॉरिडोर महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहा है। इस परियोजना के तहत 25 हजार करोड़ रुपये का निवेश होगा, जिससे 40 हजार युवाओं के लिए रोजगार के अवसर सृजित होंगे। यूपीडा के अनुसार, अब तक 154 एमओयू किए जा चुके हैं और 16 सौ हेक्टेयर भूमि अधिग्रहित की जा चुकी है।
इस प्रकार, यूपी सरकार ने डिफेंस इंडस्ट्रियल कॉरिडोर के माध्यम से राज्य को रक्षा उत्पादन में आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में एक बड़ा कदम उठाया है।