
झुंझुनूं. राजस्थान में गौरव यात्रा निकाल रहीं सीएम वसुंधरा राजे सिंधिया को रविवार को उस वक्त अजीब स्थित का सामना करना पड़ा, जब उनके काफिले को आवारा पशुओं ने रोक दिया। दरअसल ये आवारा पशु जान बूझकर काफिले के सामने लाए गए थे। घटना राजस्थान के झुंझुनूं जिले की है।
सीएम राजे की गौरव यात्रा के तहत शेखावाटी में दूसरे दिन रविवार को झुंझुनूं जिले में अनेक जगहों पर कार्यक्रम व सभाएं प्रस्तावित थीं। सीएम सुबह सिंघाना, बुहाना व सूरजगढ़ में सभा करने के बाद जिला मुख्यालय झुंझुनूं व फिर मंडावा में होने वाली सभा के लिए रवाना हो गईं।
चिड़ावा से निकलने के बाद गांव नूनिया गोठड़ा के पास सडक़ पर सीएम के काफिले के सामने अचानक दर्जनों आवारा पशु आ गए। ये देख न केवल सीएम बल्कि सीएम की सुरक्षा में लगे प्रशासनिक अधिकारी व काफिले के साथ चल रहे भाजपा नेता भी देखते रह गए।
अचानक सडक़ पर एक साथ काफी संख्या में आवारा पशु आ जाने के कारण सीएम का काफिला काफी देर तक रुका रहा। बाद में पुलिसकर्मियों ने आवारा पशुओं को रास्ते से हटाया तब काफिला बगड़ होते हुए झुंझुनूं के लिए रवाना हुआ।
सरकारी कॉलेज की मांग
चिड़ावा के युवा काफी समय से उपखण्ड मुख्यालय पर सरकारी कॉलेज की मांग उठाते रहे हैं। कई बार वादे किए जाने के बावजूद सरकारी कॉलेज नहीं खोले जाने के कारण चिड़ावा व आस-पास के गांवों के युवाओं ने रविवार दोपहर को काफिले के सामने आवारा पशु छोडकऱ विरोध जताया।
बुहाना की सभा में यह कहा सीएम ने
बुहाना में सीएम राजे ने तीखे तेवर में प्रहार करते हुए कहा कि कांग्रेस जो पच्चास साल में नहीं कर पाई उतना विकास हमने पांच साल में कर दिया। कांग्रेस के पास कहने को कुछ बचा नहीं। कांग्रेस पार्टी यमुना का पानी लाने के लिए सात चुनाव जीत चुकी है, लेकिन पानी नहीं ला पाई।
हमने पांच साल में पानी लाने की कार्य योजना का अंतिम रूप दे दिया है। यमुना का पानी शेखावाटी में पाईप लाईन के माध्यम से लाया जाएगा। करीब बीस हजार करोड़ की राशि खर्च करके पानी आने के बाद खेतों में फसल लहराएगी।
सीएम राजे ने सरकार की योजनाओं का उल्लेख करते हुए कहा कि पूर्व सैनिकों को सरकारी नौकरी में पांच फीसदी आरक्षण देने के लिए काम शुरू कर दिया गया है। सैनिकों का सम्मान भत्ता दोगुणा कर दिया है। प्रदेश में 80 हजार की शिक्षकों की भर्ती की जाएगी। कुंभाराम लिफ्ट योजना के तहत बुहाना एवं उदयपुरवाटी को पानी मुहैया कराने के लिए 718 करोड़ रुपए की राशि स्वीकृत की गई है।