सीतसर बालाजी मंदिर में साल भर कार्यक्रम होते रहते हैं। हनुमान जयंती, शरद पूर्णिमा पर विशेष कार्यक्रम होते हैं। यहां राजस्थान के अलावा,दिल्ली, यूपी, पंजाब व हरियाणा सहित अने क राज्यों के श्रद्धालु आते हैं। यहां बालाजी की दो प्रतिमाएं हैं।
राजस्थान के झुंझुनूं शहर शहर के निकटवर्ती गांव सीतसर के बालाजी धाम में अब सीसीटीवी कैमरों से भी निगरानी की जाएगी। पहले भी कमरे थे, लेकिन वे काम नहीं कर रहे थे। कैमरे पुराने हो गए थे। अब अत्याधुनिक एवं नाइट विजन वाले कैमरे लगा दिए गए हैं।
महंत पुष्करलाल ने मंगलवार को मंदिर में कैमरों के नए कंट्रोल रूम का उद्घाटन किया। इंजी. रवि पारीक ने बताया कि सभी का कंट्रोल रूम एक ही जगह बनाया गया है। मंदिर के बाहर भी कैमरे लगाए गए हैं। इस दौरान मनोज झुंझुनूं (मोगा), सुरेश शर्मा, उम्मीद भालोठिया, महेंद्र रोहिल्ला, अंकित शर्मा, हरिराम बुडानिया, रविंद्र कटारिया, मंगेश चावला, सरवन मीणा, विकास पारीक, नरेंद्र भांबू, संजीव वाहिदपुरा, प्रवीण, अजय वाहिदपुरा, सुनील गोवला , नरेंद्र पुरा की ढाणी, नटवर सैनी, विजय कुमावत, मदन सितसर, केसर जांगिड, भवानी, अजय आलडि़या व अन्य मौजूद रहे।
सीतसर झुंझुनूं के निकट है। यहां जाने के लिए दिल्ली, जयपुर से नियमित ट्रेन व बसों की सुविधा है। स्टेशन व बस स्टैंड से ऑटो मिल जाते हैं। पहले यह गांव था, अब नगर परिषद का ही वार्ड बन गया है। अब झुंझुनूं की शहरी सीमा में आ गया है।
सीतसर बालाजी मंदिर में साल भर कार्यक्रम होते रहते हैं। हनुमान जयंती, शरद पूर्णिमा पर विशेष कार्यक्रम होते हैं। यहां राजस्थान के अलावा,दिल्ली, यूपी, पंजाब व हरियाणा सहित अने क राज्यों के श्रद्धालु आते हैं। यहां बालाजी की दो प्रतिमाएं हैं। एक सालासर बालाजी के रूप वाली व दूसरी बाल रूप की। यहां दोनों ही मूर्तियों की पूजा की जाती है। इसके अलावा 22 जनवरी 2024 को जब अयोध्या में रामलला बिराजमान हुए थे, तब सीतसर में भी राम दरबार की मूर्तियों की प्राण प्रतिष्ठा की गई थी।