झुंझुनू

जोधपुर के बाद अब यहां अंधड़ से छत की पट्टी टूटी, मलबे में दबकर युवक की मौत

जोधपुर के बाद अब यहां अंधड़ से छत की पट्टी टूटी, मलबे में दबकर युवक की मौत
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May 16, 2019
roof collapses in Jhunjhunu, man dies
roof collapses in Jhunjhunu, man dies

झुंझुनूं। शेखावाटी के झुंझुनूं इलाके में दोपहर को तेज अंधड़ से एक घर के छत की पट्टी ( house Roof collapsed ) टूट गई। छत गिरने से मलबे में एक युवक दब गया, जिसकी मौत हो गई है। जानकारी के मुताबिक दुर्जनपुरा के एक घर में दोपहर को अंधड़ के बाद छत टूट कर गिर गई। इससे मकान का मलबा एकत्रित हो गया और इसमें दबने से सुभाष मेघवाल की मौत हो गई। आपको बता दें कि इसी तरह का हादसा बीते सोमवार को जोधपुर में भी हुआ था, जहां तीन लोगों की मौत हो गई थी।


ये था हादसा
जोधपुर में 13 मई की देर रात तेज अंधड़ के दौरान रसाला ओवरब्रिज रोड स्थित पृथ्वीपुरा में एक मकान की निर्माणाधीन तीसरी मंजिल स्थित दीवार पड़ोस के मकान पर गिर गई। मलबे में दबने से एक गर्भवती व उसकी सास समेत तीन की मौत हो गई। हादसे में गंभीर घायल एक युवक का एमडीएम अस्पताल में इलाज चल रहा है।

सोमवार देर रात साढ़े ग्यारह बजे तेज अंधड़ के दौरान रसाला रोड ओवरब्रिज के पास पृथ्वीपुरा में एक मकान की निर्माणाधीन तीसरी मंजिल स्थित दीवार पड़ोस के मकान की छत पर गिर गई। इससे छत की पट्टियां टूट कर नीचे मकान में जा गिरी। छत पर दो लोग सो रहे थे। जो पट्टियों के साथ नीचे आ गिरे। घर के बाकी दो सदस्य नीचे मकान में सो रहे थे। हादसे में फोटाग्राफी का काम करने वाला विनोद राठौड़ (25), उसका भाई मनीष, मनीष की पत्नी कोमल (25) और विनोद की मां नैनी देवी पत्नी विजय सिंह (50) मलबे में दब गए। हादसे की सूचना मिलते ही सिविल डिफेंस व पुलिसकर्मियों ने मौक पर पहुंच घायलों को बाहर निकालने का काम शुरू किया। करीब आधे घंटे में परिवार के तीन सदस्यों और उसके कुछ देर बाद अन्य एक को बाहर निकाल अस्पताल में भर्ती करवाया गया। एमजी अस्पताल में इलाज के दौरान गर्भवती कोमल व उसकी सास नैनी देवी की मौत हो गई। जबकि गंभीर घायल विनोद (25) ने देर रात एमडीएम अस्पताल में दम तोड़ दिया। विनोद के भाई मनीष का एमडीएम अस्पताल में इलाज चल रहा है। मौके पर पहुंचे जिला कलक्टर प्रकाश राजपुरोहित ने बताया कि तेज अंधड़ के दौरान यह हादसा हुआ। दीवार गिरने के कारणों की जांच की जाएगी।


परिवार की मुखिया नेनी देवी विधवा थी। उसने मजदूरी कर मकान बनाया था। पड़ोसियों ने बताया कि उसने सालों तक मजदूरी कर एक-एक रुपए की बचत से मकान बनाया था। लेकिन हादसे ने उसके परिवार को बिखेर दिया। परिवार में केवल उसका पुत्र मनीष बचा है। जबकि पुत्री ससुराल में रहती है।

पड़ोसी रो पड़े
हादसे में गर्भवती कोमल की मौत की खबर सुनकर पड़ोस में रहने वाली महिलाएं रो पड़ी। परिवार के तीन लोगों की मौत से पूरे मोहल्ले में सदमे में था। महिलाएं गर्भवती कोमल की मौत पर दुख जता रही थी।

Published on:
16 May 2019 05:11 pm