सतना

स्लीपर कोच से आ रही थी रोने की आवाज, टीसी ने देखा तो अकेला बिलख रहा था बच्चा

जैसलमेर से जयपुर की ओर वाया बीकानेर चलने वाले रेलगाड़ी में बुधवार रात करीब 2 बजे 8 माह का एक बच्चा लावारिस हालत में मिला है। टीसी ने एक सूनसान पड़े स्लीपर कोच में बच्चे के रोने की आवाज सुनी। कोच में जाकर देखा तो वहां करीब 8 माह का एक बच्चा अकेला रो रहा था।

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Jul 29, 2016
baby got in train
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जैसलमेर से जयपुर की ओर वाया बीकानेर चलने वाले रेलगाड़ी संख्या 12467 में बुधवार रात करीब 2 बजे 8 माह का एक बच्चा लावारिश हालत में मिला है। गाड़ी में कोच क ी जांच के दौरान टीसी ने एक सूनसान पड़े स्लीपर कोच में बच्चे के रोने की आवाज सुनी। कोच में जाकर देखा तो वहां करीब 8 माह का एक बच्चा अकेला रो रहा था।

जिस पर टीसी ने बच्चे को जीआरपी व रेलवे पुलिस को सुपुर्द कर दिया। गाड़ी में मिले इस लड़के को फिलहाल राजकीय चिकित्सालय फलोदी में कर्मचारियों की देखरेख में रखवाया गया है। लड़का स्वस्थ है। आरपीएफ व जीआरपी द्वारा परिजनों का पता लगाने के प्रयास शुरू कर दिए गए हैं।

आरपीएफ के जितेन्द्रङ्क्षसह ने बताया कि जैसलमेर से जयपुर वाया बीकानेर चलने वाली रेलगाड़ी संख्या 12467 में आज रात करीब 2 बजे एक स्लीपर कोच में टीसी श्रवण कुमार को बच्चे के रोने की आवाज सुनाई दी।

जिस पर टीसी ने कोच में जाकर देखा तो कोच में कोई भी यात्री नहीं था तथा करीब 8 माह का बच्चा अकेला था तथा वह रो रहा था। टीसी ने काफी देर तक बच्चे गोद में लेकर खिलाया तथा फलोदी स्टेशन पर रात 2.50 बजे रेलवे पुलिस के हरपालङ्क्षसह व मानाराम को सुुपुर्द कर दिया गया।

इस 8 माह के लड़के को फिलहाल राजकीय चिकित्सालय फलोदी में कर्मचारियों की देखरेख रखवाया गया है। पुलिस द्वारा लड़के के परिजनों का पता लगाने का प्रयास किया जा रहा है।

Published on:
29 Jul 2016 12:53 am