दो नाबालिग बहनों के अपहरण व गैंगरेप के मामले की जांच कर रही पुलिस बर्खास्त मंत्री राजेन्द्रसिंह गुढ़ा से संभवत: एक-दो दिन में जयपुर में पूछताछ कर सकती है। उधर, नाबालिग बहनों को बर्खास्त मंत्री के जयपुर में एसएमएस अस्पताल रोड पर सरकारी बंगले में ठहराने वाले चूरू के हिस्ट्रीशीटर का अभी तक सुराग नहीं लग पाया है।
जोधपुर @ पत्रिका. दो नाबालिग बहनों के अपहरण व गैंगरेप के मामले की जांच कर रही पुलिस बर्खास्त मंत्री राजेन्द्रसिंह गुढ़ा से संभवत: एक-दो दिन में जयपुर में पूछताछ कर सकती है। उधर, नाबालिग बहनों को बर्खास्त मंत्री के जयपुर में एसएमएस अस्पताल रोड पर सरकारी बंगले में ठहराने वाले चूरू के हिस्ट्रीशीटर का अभी तक सुराग नहीं लग पाया है। इस मामले में मुख्य आरोपी अशोक बिश्नोई व मेघराज जाट के साथ ही सहयोगी देशराज व रामनारायण को गिरफ्तार किया जा चुका है। चूंकि दोनों नाबालिग बहनें बर्खास्त मंत्री के सरकारी बंगले के गेस्ट रूम में रुकी थीं और वहां एक नाबालिग से बलात्कार किया गया था, इसलिए इस संबंध में बर्खास्त मंत्री से पूछताछ की जानी है। इसके लिए पुलिस ने बर्खास्त मंत्री से सम्पर्क किया, लेकिन राखी की वजह से पूछताछ नहीं हो पाई।
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चूरू जिले के कसुम्बी निवासी हिस्ट्रीशीटर श्यामसिंह ने अशोक बिश्नोई के लिए दोनों नाबालिग बहनों को बर्खास्त मंत्री के सरकारी बंगले में रुकवाया था। श्याम सिंह के कहने पर ही बंगले के केयर टेकर गजेन्द्रसिंह ने दोनों को गेस्ट रूम दिया था।