
जोधपुर/ धुंधाड़ा. राष्ट्रीय लोकतांत्रिक पार्टी के संयोजक हनुमान बेनीवाल ने कहा कि कुछ लोगों ने मुझे धोखा दिया। टिकट मुझसे ले गए और इसके बाद निर्दलीय नामांकन भर दिया। उन्होंने किसी का नाम नहीं लिया, लेकिन सिर्फ 57 सीटों पर ही उम्मीदवार उतारने का यही कारण बताया। बेनीवाल चुनाव प्रचार के आखिरी दिन लूणी विधानसभा क्षेत्र के कुड़ी भगतासनी दशहरा मैदान में सभा को संबोधित कर रहे थे। अपने तय समय से करीब चार घंटे देरी से पहुंचे बेनीवाल को सुनने के लिए काफी संख्या में लोग जुटे थे। दोपहर करीब पौने तीन बजे बेनीवाल पहुंचे और करीब 18 मिनट तक उन्होंने संबोधन दिया। उन्होंने गहलोत-वसुंधरा दोनों को एक-दूसरे के घोटाले छिपाने वाला बताया। उन्होंने कहा कि मैं यदि गहलोत, वसुंधरा के सैंडल उठाता तो कैबिनेट में मंत्री बन जाता। लेकिन संघर्ष की राहत चुनी है।
दारू वाली बोतल नहीं, पानी की बोतल है
बेनीवाल ने कहा कि यह वसुंधरा की दारू वाली बोतल नहीं, पानी की बोतल है। बोतल का जल शुद्ध, स्वच्छ होता है। उसी प्रकार का शासन रालोपा देगी।
रणनीति है लोहावट में
उन्होंने कहा कि राजे, गहलोत और पायलट के सामने उम्मीदवार उतारना चाहता था। लेकिन कोई सामने नहीं आया। लोहावट में उम्मीदवार नहीं उतारा इसके पीछे हमारी रणनीति है। सुरेन्द्र गोयल की टिकट कटी तो टिकट देने के लिए सम्पर्क किया, लेकिन उन्होंने निर्दलीय लडऩे की बात कही।
पुत्री को साथ लेकर चल रहे बेनीवाल
बेनीवाल प्रचार के दौरान अपनी पुत्री रिया को लेकर साथ चल रहे थे। कुड़ी में सभा की शुरुआत ही उन्होंने पुत्री से करवाई। बेनीवाल जो बोलते उनकी पुत्री वह दोहराती।