
राष्ट्रीय विधि विश्वविद्यालय जोधपुर में रैङ्क्षगग के मामला सामने आया है। यूजी प्रथम सेमेस्टर के छात्र की शिकायत पर विश्वविद्यालय की एंटी रैगिंग कमेटी ने तीन छात्रों को इस सत्र के लिए विश्वविद्यालय से निकाल दिया है। वहीं दो छात्रों को 20 हजार रुपए के जुर्माने के साथ एक सेमेस्टर के लिए हॉस्टल से निकाला गया है और एक छात्र पर पांच हजार रुपए का जुर्माना लगाया गया है। एनएलयू में रैगिंग की घटना पर इस तरह की कार्रवाई का संभवत: यह पहला मामला है।
विश्वविद्यालय के कुलसचिव सोहनलाल शर्मा ने बताया कि बीए एलएल.बी. प्रथम सेमेस्टर के छात्र ने छह छात्रों के खिलाफ विश्वविद्यालय को रैगिंग की शिकायत दी थी। जिसे गंभीरता से लेते हुए विश्वविद्यालय प्रशासन ने मामला एंटी रैगिंग कमेटी को रैफर कर दिया। कमेटी ने पीडि़त छात्र और आरोपित छात्रों के बयान लेकर जांच के बाद विश्वविद्यालय को दोषी छात्रों के खिलाफ कार्रवाई की सिफारिश कर दी।
जिसके तहत प्रणव प्रमोद, अचलनाथ व श्रेयांश भण्डारी को एक शैक्षणिक सत्र के लिए जुलाई-2017 से मई-2018 तक विश्वविद्यालय से निकाल दिया गया। उन्हें जुलाई-2018 में विश्वविद्यालय में प्रवेश की अनुमति होगी। वहीं सार्थक सिंघला व मानस खण्डेलवाल को 20 हजार रुपए के जुर्माने के साथ एक सेमेस्टर के लिए हॉस्टल से निलम्बित किया गया है। अन्य छात्र सिद्धांत साहू पर पांच हजार रुपए का जुर्माना लगाया गया है।