जोधपुर

मुंह-पांव तोडऩे के बाद की थी महिला की हत्या, एक साल बाद जमीन से निकाला शव

- मां के परिवाद पर जांच में खुली ब्लाइंड मर्डर की गुत्थी - मौसेरा भाई सहित चार हिरासत में, मृतका की मां गायब
2 min read
Jan 13, 2018
crime,Jodhpur Hindi news,Crime in Jodhpur,hindi news in jodhpur,

जोधपुर . सूरसागर थानान्तर्गत कबीर नगर स्थित झोंपड़ी में मौसेरे भाई, मौसी व तीन अन्य ने मारपीट कर महिला का मुंह व एक पांव तोड़ न सिर्फ हत्या कर दी थी, बल्कि उसका शव झोंपड़ी के सामने पुरानी रेलवे लाइन के पास जमीन में गाड़ दिया था। एक साल तक पुत्री के गायब रहने के बाद मां के परिवाद पर पुलिस ने संदिग्धों से पूछताछ की तो हत्या की परतें खुल गईं। एसडीएम की मौजूदगी में पुलिस ने शुक्रवार को जमीन से शव बाहर निकलवा महात्मा गांधी अस्पताल की मोर्चरी में रखा है। मौसेरे भाई सहित चार को हिरासत में लिया गया है। जबकि मौसी फरार हो गई।

थानाधिकारी मुक्ता पारीक ने बताया कि मूलत: मसूरिया नट बस्ती हाल कबीर नगर निवासी संतरा नट (२७) एक साल से गायब थी। उसकी मां भगवती नट ने पुलिस कमिश्नर के समक्ष परिवाद पेश कर मौसेरे भाई विनोद, मौसी सुनीता व विनोद के भतीजे अर्जुन, मेहबूब उर्फ मेहमूद व महेश पर संदेह जताया था और पुत्री को ढूंढ निकालने का आग्रह किया था। चूंकि विनोद ने मौसेरी बहन संतरा को घर में डाल रखा था। एेसे में उस पर संदेह गहरा गया। वह और अन्य गायब भी हो चुके थे। हैड कांस्टेबल ओमप्रकाश व टीम ने चारों को हिरासत में लिया।

उन्होंने करीब एक साल पूर्व कबीर नगर स्थित झोंपड़े में संतरा से झगड़ा होने और अन्य आरोपियों के साथ मारपीट में हत्या करना कबूल किया। साथ ही शव खुद की झोंपड़ी के सामने पुरानी रेलवे लाइन के पास जमीन में गाडऩे की जानकारी दी। तब पुलिस ने एसडीएम व सहायक पुलिस आयुक्त सीमा हिंगोनिया की मौजूदगी में जमीन खुदवाकर शव बाहर निकालवाया और मोर्चरी में रखवाया। संभवत: शनिवार को मेडिकल बोर्ड से पोस्टमार्टम होगा।

मृतका की मां की तरफ से हत्या का मामला दर्ज किया गया है। सुबह उठे तो मर चुकी थी, दिनदहाड़े गाड़ा पुलिस का कहना है कि संतरा राह चलते लोगों से लूटपाट करती थी। मौसेरे भाई विनोद के घर में घुसने से दोनों समाज से बहिष्कृत थे। संतरा मां से भी कभी कभार ही मिलती थी। लूटपाट के रुपए के लिए ही आरोपियों ने रात को उसके साथ मारपीट की थी। मुंह व पांव टूटने के बाद भी उसके साथ मारपीट की गई थी। फिर सब सो गए थे। सुबह उठे तो संतरा मृत मिली थी।

आरोपियों के हाथ-पांव फूल गए। तब उन्होंने कम्बल की ओट में शव सामने ही रेलवे लाइन के किनारे गाड़ दिया था। उसके नीचे व ऊपर नमक भी डाला गया था। शव को गाडऩे में संतरा की मौसी व विनोद की मां सुनीता भी शामिल थी। जो दूसरे आरोपी मेहमूद के घर में रहती है। कंकाल की बजाय ममी में बदला शव पुलिस आरोपी विनोद को लेकर उसकी झोंपड़ी पहुंची तो उसने वह जगह बता दी, जहां संतरा को गाड़ा गया था। एसडीएम व एफएसएल की मौजूदगी में पुलिस ने खुदाई शुरू करवाई। करीब डेढ़-दो घंटे बाद ही चार फुट नीचे शव के पांव व मुंह सामने आ गए।

एक साल होने के बावजूद शव कंकाल में तब्दील होने की बजाय ममी बन चुका था। चमड़ी पूरी तरह गली नहीं थी। मौसी के बेटे संग न रहने का बताने पर हुआ संदेह मृतका की मां भगवती का कहना है कि संतरा पहले किसी अन्य के साथ रहती थी। फिर वह मौसेरे भाई के साथ रहने लगी थी। लम्बे समय से गायब रहने पर उसने अपनी बहन सुनीता से पूछा तो उसने कह दिया कि अब संतरा उसके पुत्र के साथ नहीं रहकर किसी अन्य के साथ रहने लगी है। तब उसे संदेह हो गया और पुलिस के पास पहुंची थी।

Updated on:
13 Jan 2018 01:19 am
Published on:
13 Jan 2018 01:19 am