- 1.10 लाख रुपए का था इनाम, दो पिस्तौल, 63 कारतूस, 12 मोबाइल (6 जले हुए), दो डोंगल, एक लग्जरी कार व एक चोरी की एसयूवी जब्त
जोधपुर.
पुलिस महानिरीक्षक (रेंज) जोधपुर कार्यालय की टीम ने 'ऑपरेशनमोना' के तहत बाड़मेर के रीको थानान्तर्गत चंदन नगर स्थित बाड़े की घेराबंदी कर 15 साल से फरार शातिर मादक पदार्थ तस्कर और उसके तीन साथियों को गिरफ्तार किया। शातिर पर 1.10 लाख रुपए का इनाम था। मौके से 2 पिस्तौल, 63 कारतूस, 12 मोबाइल (6 जले हुए), दो डोंगल, एक लग्जरी कार व एक चोरी की एसयूवी जब्त की। उसने चोरी की कारों को मॉडिफाई करवाने के लिए बाड़े में गैराज बना रखा था।
आईजी (रेंज) विकास कुमार ने बताया कि बायतु पनजी गांव जस्साराम जाट शातिर मादक पदार्थ तस्कर है। जो वर्ष 2005 में पहली बार पकड़ा गया था। वर्ष 2010 में उसके खिलाफ एफआइआर दर्ज हुई थी। तब से वो फरार था। वह जोधपुर, पाली व राजसमन्द में वांटेड है। उस पर 1.10 लाख रुपए का इनाम घोषित था। उसे पकड़ने के लिए ऑपरेशन मोना नामक अभियान चलाया गया। उसकी पत्नी बच्चे व परिवार बाड़मेर के बलदेव नगर में रहते हैं। दो माह पहले विशेष टीम को बाड़मेर भेजा गया। परिवार पर नजर रखने के दौरान पत्नी ने किसी से कहा कि उसका बेटा सिर्फ पिता के हाथ से ही खाना खाता है। तब पुलिस ने ठान ली कि अब जल्द ही आरोपी पिता जेल की हवा खाएगा। पास ही किराए पर कमरा लिया और परिवार पर नजर रखनी शुरू की। हर चार-पांच दिन में पत्नी को शाम या रात के अंधेरे में बाहर निकलते देखा। पीछा करने पर वह 8-10 किमी दूर एक बाड़े में जाती नजर आई। रात भर रुकने के बाद वह लौट आती थी।
बाड़े के चारों तरफ ऊंची दीवार थी। ऐसे में पुलिस ने गोपनीय तरीके से बाड़े के ऊपर ड्रॉन उड़ाया। जिससे पता लगा कि बाड़े में लग्जरी कारें हैं। इससे संदेह और बढ़ गया। साइक्लोलर टीम के एसआइ कन्हैयालाल व परमीत चौहान के नेतृत्व में पुलिस ने बाड़े को घेर लिया। पुलिस ने पब्लिक एड्रेस सिस्टम से सरेंण्डर करने की चेतावनी दी। हथियार से लैस दो व्यक्ति छत पर आए और चारों तरफ बुलेट प्रूफ जैकेट व हथियारों से लैस पुलिस दिखाई दी। तब जस्साराम जाट ने पिस्तौल जमीन पर रखकर सर्मपण कर दिया। रीको थाना पुलिस ने बायतु पनजी निवासी जस्साराम उर्फ जस्सी पुत्र रतनाराम जाट, उसके हिस्ट्रीशीटर चालक जस्साराम पुत्र जैताराम और दो मैकेनिक को गिरफ्तार किया।
मौके से दो पिस्तौल, 9 एमएम के 63 कारतूस, 12 मोबाइल, 2 डोंगल, चोरी की एक एसयूवी व एक लग्जरी कार जब्त की। 9 एमएम कारतूस पुलिस या अर्द्धसैन्य बल में ही प्रयुक्त होते हैं। जस्साराम के पास कहां से आए इस संबंध में पूछताछ की जा रही है। 12 में से छह मोबाइल आरोपी ने जला दिए थे।
आरोपी ने बाड़े में वाहनों का गैराज बना रखा था, जहां चोरी की एसयूवी व लग्जरी कारों को मॉडिफाई किया जाता था। इसके लिए जस्साराम ने बकायदा फुल टाइम दो मैकेनिक रखे हुए थे। जो चोरी की कारों के नम्बर, इंजन व चैसिसनम्बर और हुलिया बदल लेते थे। मौके से कई तरह के नए टायर, बम्पर व सीटें भी मिली हैं। बाड़े में एसी, फि्रज, वाटर प्यूरीफायर आदि लगा रखे थे। आइजी रेंज विकास कुमार स्वयं मौके पर पहुंचे और गैराज व बाड़े की जांच की।
आरोपी जस्साराम ने शराब तस्करी से अपराध करना शुरू किया था। फिर वह तस्कर की गाड़ी का चालक बन गया था। धीरे-धीरे उसने तस्कर के साथ साझेदारी कर ली थी और फिर अलग तस्करी करने लग गया था। उसके खिलाफ एक दर्जन से अधिक मामले दर्ज हैं।