ये पूर्व सीएम अखिलेश के बहुत करीबी हैं और सपा सरकार के दौरान ब्लूवर्ड थीम पार्क में सपाईयों का आना-जाना रहता था।
कानपुर. सीबीआई की टीम जहां जीएसटी भवन में तैनात अफसरों के यहां कार्रवाई कर रही है, वहीं मंगलवार को आईटी की टीम शहर के जाने-माने कारोबारी प्रवीण मिश्रा के पांच ठिकानों में एक साथ रेड मारी। प्रवीण मिश्रा पूर्व सीएम के बहुत करीबी हैं और सपा सरकार के दौरान ब्लूवर्ड थीम पार्क में सपाईयों का आना-जाना रहता था। आईटी की छापेमारी के चलते कारोबारी के परिवार में हडकंप मच गया। यहां से आईटी को बड़े पैमाने पर टैक्स चोरी के दस्तवेज हाथ लगे हैं। टीम को कारोबारी के घर में बड़ी संख्या में नकदी और जेवरात मिले हैं। जिन्हें लॉकप व बेड़ों के अंदर छिपा कर रखे गए थे। आईटी की कार्रवाई अभी भी जारी है।
पांच ठिकानों में रेड-
आईटी के 40 से 45 अफसरों की एक टीम ने शहर के कारोबारी व ब्लूवर्ड थीम पार्क के मालिक प्रवीण मिश्रा के पांच ठिकानसें में छापा मारा। टीम ने ब्लू वर्ल्ड थीम पार्क ,काकादेव आफिस, शास्त्रीनगर हाउस ,होटल गीतिका गैलेक्सी मॉल रोड और विकास नगर स्थित घर के अलावा अस्थाना टॉवर में रेड कर यहां से बड़े पैमाने पर कर चोरी पकड़ी है। आईटी एक टीम पहले विकास नगर पहुंची और कारोबारी के छोटे भाई दीपू मिश्रा को कस्टडी में ले लिया। इसके बाद घर के अंदर मौजूद सभी लोगों के मोबाइल छील लिए गए। आर्धा दर्जन लॉकरों को खोला गया, जहां से करोड़ों की नकदी और जेवरात मिले हैं। रेड की खबर जैसे ही करोबारी प्रवीण मिश्रा को हुई तो वह घर आने के बजाय ब्लूवर्ड थीम पार्क पहुंच गए। पर दूसरी टीम वहां पहले से ही मौजूद थी। टीम ने वहां पर सारे रिकार्ड खंगाले और करोड़ों की नकदी वहां से भी बरामद की।
नोटबंदी के बाद आए थे रडार पर-
कारोबारी प्रवीण मिश्रा नोटबंदी के बाद आईटी की रडार पर आ गए थे। नोटबंदी के दौरान इन्होंने ब्लैकमनी को व्हाइट किया था। जिसकी भनक आईटी को लग गई। इसी के बाद आईटी की आर्धा दर्जन से ज्यादा टीमों ने कारोबारी के ठिकानों में रेड मारी। होटल गीतिका गैलेक्सी मॉल रोड में आईटी को बड़े पैमाने में कर पकड़ी। कारोबारी से आईटी की टीम पूछताछ कर रही है। साथ ही इनके ठिकानों से मिली नकदी और अन्य दस्तावेजों की पड़ताल कर रही है। सूत्रों की मानें तो नोटबंदी के बाद अब तक की सबसे बड़ी टैक्स चोरी आईटी नेे पकड़ी है। घर व अन्य स्थानों से मिले पैसों के बारे में कारोबारी से आईटी पूछताछ कर रही है।
पूर्व सीएम से परिवारिक संबंध-
कारोबारी प्रवीण मिश्रा महज पांच साल के करोड़ों की संपत्ति बना ली। सपा सरकार के दौरान इनका व्यापार हजार से बढ़कर करोड़ों में पहुंच गया। इस दौरान कारोबारी ने जमीनों पर कब्जे करवाए और उन्हें ऊंची कीमत पर बेचा। सपा सरकार के दौरान करोबारी की तूती बोलती थी। बड़े-बड़े अफसर इन पर हाथ डालने से कांपते थे। सपा सरकार के जाने के बाद यह आईटी की रडार में आ गए और नोटबंदी के दौरान ब्लैकमनी को व्हाइट की। सूत्रों की मानें तो आईटी को इनके पास से करोड़ों की कर चेरी मिली है। वहीं आईटी की इस कार्रवाई से इनके करीबी करोबारी दहशत में आ गए।