कानपुर

बागपत में डॉन मुन्ना बजरंगी का मर्डर, सेंट्रल जेल में डीएम-एसएसपी ने मारी रेड

बागपत जेल में माफिया डॉन मुन्ना बजरंगी की हत्या के बाद योगी सरकार हिल गई...

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Jul 10, 2018
Checking in Kanpur central jail after Munna Bajrangi murder
बागपत में डॉन मुन्ना बजरंगी का मर्डर, सेंट्रल जेल में डीएम-एसएसपी ने मारी रेड

कानपुर. बागपत जेल में माफिया डॉन मुन्ना बजरंगी की हत्या के बाद योगी सरकार हिल गई और आनन-फानन में पुलिस-प्रशासन को आदेश जारी का जेलों का निरीक्षण करने के आदेश दे दिए। इसी के चलते कानपुर की सेंट्रल जेल में डीएम विजय विश्वास पंत और एसएसपी अखिलेश मीणा ने रेड की। जेल में सभी बैरकों में सुरक्षा व्यवस्था के साथ ही सीसीटीवी कैमरों की जांच की। साथ ही बंद कुख्यात अपराधियों और आतंकियों की बैरकों में जाकर चप्पा-चप्पा छाना। इस दौरान जेल के अंदर से पुलिस के हाथ कई मोबाइल के साथ अन्य साजों समान हाथ लगने की जानकारी मिली है। हलांकि डीएम ने इस पर कुछ भी बोलने से इंकार कर सिर्फ रूटीन निरीक्षण की बात कही।

एक्शन में आया प्रशासन

माफिया डॉन प्रेम प्रकाश सिंह उर्फ मुन्ना बजरंगी की झांसी जेल से पेशी के लिए बागपत ले जाया गया था। जहां बागपत की जेल में उसकी कई गोली मारकर हत्या कर दी गई। इस घटना से प्रदेश की सभी जेलों में सुरक्षा को लेकर सवालियां निशान खड़ा हो गया है। योगी सरकार ने भी घटना को गंभीरता से लेकर हुए उच्च स्तरीय जांच के आदेश दिये है। मुख्यमंत्री के सख्त रूख व जेल में हुई हत्या को देखते हुए जेलों में सुरक्षा व्यवस्था को परखने के लिए जिला व पुलिस प्रशासन दौड़ने लगा। कानपुर जिला कारागार में भी सुरक्षा व्यवस्था के मद्देनजर जिलाधिकार विजय विश्वास पंत व वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक अखिलेश कुमार पुलिस बल के साथ निरीक्षण करने पहुंचे। अफसरों ने कैदियों की सभी बैरकों में सुरक्षा व्यवस्था के साथ निगरानी में लगे सीसीटीवी का जायजा लिया। कुख्यात अपराधियों पर जेल प्रशासन से कड़ी नजर रखने को कहा गया।

बिना जांच के अंदर जाने पर लगाई रोक

डीएम ने जेल प्रशासन को निर्देश दिए कि जेल में आने वाले परिजनों व अन्य लोगों की जांच पड़ताल के बाद ही मिलाई कराएं। जेल प्रशासन को हिदायत दी गई कि किसी भी हाल में बाहरी वस्तु जेल के अंदर न आने पाये, ऐसा पाये जाने पर कड़ी कार्यवाही कराये जाने की बात कही। जिलाधिकारी ने जेल का निरीक्षण करने के बाद कहा, जेल में सभी स्थिति ठीक है। सुरक्षा को लेकर किसी भी प्रकार की चूक न किये जाने की व निगरानी बढ़ाने के निर्देश जेल प्रशासन को दिये गये हैं। वहीं मामले पर एसएसपी ने बताया कि कानपुर जेल में कई खतरनाक अपराधी बंद हैं। उनके बैरकों में सीसीटीवी के जरिए 24 घंटे निगरानी रखने को कहा गया है। बाहर से कोई भी समान जेल के अंदर न पहुंच पाए। अगर कहीं गड़बड़ी मिली तो इसकी पूरी जिम्मेदारी जेल प्रशासन को उठानी पड़ेगा।

बंद हैं कुख्यात अपराधी

कानपुर सेंट्रल जेल में कई कुख्यात अपराधी बंद हैं। इनमें डी-2, डी 39 से लेकर आईएसआई के एजेंट और आतंकी भी शामिल है। दो साल पहले कानपुर जेल में भी वर्चस्व को लेकर बवाल हुआ था और कई बंदी घायल हुए थे। इसके अलावा जेल के अंदर 50 से ज्यादा बंदी एड्स से ग्रसित भी पाए गए थे। मामला मीडिया में आने के बाद शासन-प्रशासन ने इसकी जांच कराई थी। शार्प शूटर मोनू पहाड़ी कुछ माह पहले कानपुर जेल में बंद था, जहां उसने अपनी जान का खतरा बता कर देहात भेजने की गुहार लगाई थी। जेल प्रशासन ने उसे कानपुर देहात में शिफ्ट कर दिया और सजा मिलने के बाद फर्रूखाबाद जेल में मोनू पहाड़ी सजा काट रहा है। वहीं बाहुबली राजन पहाड़ी भी जान का खतरा बता कर यहां से फर्रूखाबाद जेल चला गया। इन्हीं के चलते जिला प्रशासन ने जेल में रेड मार कर वहां छान बीन की।

Published on:
10 Jul 2018 10:20 am