कानपुर में जुमे की नमाज के बाद हुई हिंसक घटना के बाद से एनकाउंटर स्पेशलिस्ट आईपीएस अजय पाल सिंह के आने की चर्चा शुरू हो गई थी। जो सच साबित हुई। उन्होंने कानपुर में अपनी उपस्थिति दर्ज करा दी है। कानपुर हिंसा के मुख्य आरोपी मास्टरमाइंड हयात जफर हाशमी की गिरफ्तारी के बाद उसकी पत्नी स्पष्टीकरण दे रही है।
आखिरकार एनकाउंटर स्पेशलिस्ट आईपीएस अजय पाल शर्मा कानपुर पहुंच गए। जिनकी चर्चा जुमे की नमाज के बाद हुई हिंसक घटना के बाद से ही हो रही थी कि उन्हें स्थिति पर नियंत्रण करने के लिए भेजा जा सकता है। मुख्यमंत्री लगातार कानपुर की घटनाक्रम पर नजर रखें है। इसी क्रम में अजय पाल शर्मा को कानपुर भेजा गया है। शासन ने यह कदम शांति व्यवस्था स्थापित करने के लिए उठाया है। कानपुर में अजय पाल शर्मा ने पुलिस कमिश्नर और जिलाधिकारी से मुलाकात की और घटनाक्रम के विषय में बातचीत की। पूरे मामले में अब लगातार आईपीएस अजय पाल निगरानी रख रहे हैं। जितने भी नामजद अभियुक्त है। उनकी गिरफ्तारी के लिए टीमें भी लगाई गई हैं। वहीं नामजद अभियुक्तों का इतिहास भी खंगाला जा रहा है।
बीते शुक्रवार के दिन जुमे की नमाज के बाद दुकान बंद को लेकर बवाल हो गया था। ईट पत्थर के साथ बम भी चले। स्थिति काफी खराब हो गई थी। 3 जून को ही प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद के पैतृक गांव परौंख में आयोजित कार्यक्रम में भाग लेने के लिए गए थे। बताया जाता है बीजेपी नेता नूपुर शर्मा द्वारा मोहब्बत साहब को लेकर दिए गए बयान पर बंद का आयोजन किया गया था। जोहर फैंस एसोसिएशन अध्यक्ष हयात जफर हाशमी ने 3 जून जुम्मे के दिन बंदी का ऐलान किया था। इसके लिए पोस्टर आदि भी लगाए गए थे।
जफर हाशमी की पत्नी आई सामने
जुमे की नमाज के बाद कानपुर में हुई हिंसक झड़प के मुख्य मास्टरमाइंड जफर हाशमी एयर और उसके तीन साथियों को पुलिस ने गिरफ्तार के बाद मास्टरमाइंड जफर हाशमी की पत्नी सामने आई और बोली कि बंद का ऐलान किया गया था लेकिन प्रधानमंत्री के कार्यक्रम को देखते हुए वापस ले लिया गया था। फिर भीड़ कहां से आई के विषय में कोई जवाब नहीं दे पाई। आईपीएस अजय पाल शर्मा के कानपुर आने के बाद अपराधियों में दहशत है। कानपुर कमिश्नर रेट के साथ मिलकर उपद्रवियों के खिलाफ कार्यवाही के संबंध में योजना बनाई जा रही है