
कानपुर. भारतीय जनता पार्टी के प्रदेश प्रवक्ता डॉ मनोज मिश्रा (BJP spokesman Manoj Mishra Corona death) का कोरोना वायरस संक्रमण से निधन हो गया। मनोज मिश्रा लगभग 15 दिनों से बीमार थे, और उनका इलाज एक निजी अस्पताल में चल रहा था। सोमवार सुबह लगभग तीन बजे डॉ मनोज मिश्रा अंतिम सांस ली। उनके निधन की खबर जैसी अस्पताल से बाहर निकलकर आई, तो भाजपा नेताओं और कार्यकर्ताओं में शोक की लहर है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने दिवंगत आत्मा को श्रद्धांजलि देते हुए शोक व्यक्त किया है।
कानपुर में रहने वाले डॉ मनोज मिश्रा के परिवार में पत्नी, बेटा, बेटी और बहु है। मनोज मिश्रा ने जमीनी सिपाही के तौर पर भाजपा ज्वाईंन की थी। मनोज मिश्रा के निधन से पक्ष ही नहीं विपक्षी दलों के नेताओं और कार्यकर्ताओं ने दुख व्यक्त किया है। उनके संबंध विपक्षी दलों के नेताओं और कार्यकर्ताओं से भी मधुर थे।
दिग्गजों को संग काम किया :- डॉ मनोज एक-एक सीढ़ी चढ़ कर प्रदेश प्रवक्ता के पद पर पहुंचे थे। उन्होंने प्रदेश अध्यक्ष रहे लक्ष्मीकांत वाजपेई, केशव प्रसाद मौर्य, महेंद्र नाथ पांडेय के साथ काम किया, और लगातार प्रदेश प्रवक्ता के पद पर बने रहे। मनोज मिश्रा के निधन पर कानपुर बुंदेलखंड क्षेत्रीय अध्यक्ष मानवेंद्र सिंह, प्रदेश अध्यक्ष स्वतंत्रदेव सिंह, डेप्युटी सीएम केशव प्रसाद मौर्य, समेत तमाम नेताओं ने शोक व्यक्त किया है।
फेफड़ों में इंफेक्शन से निधन :- डॉ मनोज मिश्रा बीते 15 दिनों से एसआईएस हॉस्पिटल में भर्ती थे। जानकारी के मुताबिक संक्रमण की वजह से उनके फेफड़ों में इंफेक्शन हो गया था। इंफेक्शन के कारण शरीर के अन्य अंगों पर भी इसका प्रभाव पड़ा था। जिसकी वजह से आज सुबह तड़के उनका निधन हो गया।