कानपुर मेें हिस्ट्रीशीटर (Historysheeter) मनोज सिंह (Manoj Singh) को गिरफ्तारी से बचाने के मामले में आरोपी व भाजपा से निष्कासित नेता नारायण सिंह भदौरिया (Narayan Singh Bhadauria) समेच चार की कोर्ट में शनिवार देर रात पेशी हुई।
कानपुर. कानपुर मेें हिस्ट्रीशीटर (Historysheeter) मनोज सिंह (Manoj Singh) को गिरफ्तारी से बचाने के मामले में आरोपी व भाजपा से निष्कासित नेता नारायण सिंह भदौरिया (Narayan Singh Bhadauria) समेच चार की कोर्ट में शनिवार देर रात पेशी हुई। जहां से उन्हें न्यायिक हिरासत में जल भेज दिया गया। अब 12 जून को कोर्ट में सुनवाई होगी। माहौल के देखते हुए कड़े पहरे में सभी आरोपियों की पेशी की गई थी। वकीलों की चहलकदमी को देखते हुए अतिरिक्त पुलिस बल को अर्लट मोड (Alert Mode) पर रखा गया था। पूरी कोर्ट छावनी में तब्दील हो गई थी।
वकील सुबह से पहुंच रहे थे कोर्ट-
शुक्रवार ही फरार तीन आरोपियों- निष्कासित भाजपा नेता नारायण सिंह भदौरिया, रॉकी यादव और गोपाल शरण सिंह चौहान - नोएडा से गिरफ्तार किया था। हिस्ट्रीशीटर मनोज सिंह पहले ही कानपुर से गिरफ्तार हो गया था। नारायण सिंह भदौरिया और गोपाल शरण सिंह चौहान पेशे से अधिवक्ता भी हैं। इसीलिए कोर्ट में पेशी देर रात की गई। दरअसल जानकारी होती ही दिन से कई वकील कोर्ट परिसर के करीब इकट्ठा होने लगे थे। माहौल को देखते हुए पुलिस ने तय किया कि रात में पेशी होगी।
देर रात हुई पेशी-
शात साढ़े सात बजे आरोपियों का मडिकल कराया गया और रात होने के बाद सभी को रिमांड मजिस्ट्रेट के सामने पेश किया। पुलिस कमिश्नर असीम अरूण ने बताया कि सुरक्षा कारणों के चलते आरोपियों को रात के वक्त रिमांड मजिस्ट्रेट के सामने पेश करने का फैसला लिया गया। इससे पहले नारायण सिंह समेत 19 के खिलाफ सरकारी काम में बाधा, बलवा, पुलिस से अभद्रता, पुलिस कस्टडी से आरोपी को भगाने व महामारी एक्ट के तहत केस दर्ज हो चुका है। पुलिस ने एफआईआर में 7 सीएलए की धारा बाद में बढ़ाई थी।