- बेटे-बहू ने अपने 70 साल के बुजुर्ग मां-बाप को पीटकर घर से बाहर निकाल दिया। बेसहारा बुजुर्ग दंपति ने रोते-बिलखते चौकी इंचार्ज से लेकर डीसीपी तक गुहार लगाई लेकिन सभी बहरे बने हुए थे।
कानपुर. जमाना वाकई बदल रहा है। रिश्तों की कोई कद्र नहीं रह गई है। अगर कोई बेटा बहू अपने बुजुर्ग मां-बाप को घर से निकाल दे तो समाज के चौधरियों का सिर झुक जाना चाहिए। कानपुर से रिश्तों को शर्मशार करने वाली इस घटना में बेटे-बहू ने अपने 70 साल के बुजुर्ग मां-बाप को पीटकर घर से बाहर निकाल दिया। बेसहारा बुजुर्ग दंपति ने रोते-बिलखते चौकी इंचार्ज से लेकर डीसीपी तक गुहार लगाई लेकिन सभी बहरे बने हुए थे। आखिर में पुलिस कमिश्नर असीम अरुण का दरवाजा खटखटाया। उन्होंने पूरी कहानी सुनी। और गुस्साए पुलिस कमिश्नर बुजुर्ग दंपति को लेकर सीधे घर पहुंचे। कमिश्नर के आदेश पर पुलिस बेटे-बहू को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया। और बुजुर्ग दंपति को उनका घर वापस दिला दिया।
पुलिस कमिश्नर का दिल पसीजा :- मामला कानपुर के जेके कॉलोनी जाजमऊ का है। यहां बुजुर्ग अनिल कुमार शर्मा (70 वर्ष) और उनकी पत्नी कृष्णा देवी अपने बेटे-बहू के साथ रहते हैं। बेटे-बहू ने पीटकर अपने माता पिता को घर से बेदखल कर दिया। बुजुर्ग दंपति पुलिस कमिश्नर असीम अरुण के पास अपनी शिकायत लेकर पहुंचे। बेटे-बहू की करतूत सुनकर पुलिस कमिश्नर का दिल पसीज गया। और वह फोर्स के साथ घर पहुंचे।
बेटे बहू को जेल भेजा :- बुजुर्ग दंपति की बताई गई हर बात सच निकली। पुलिस कमिश्नर ने बुजुर्ग दंपति के कमरे का ताला खुलवाया। इतनी फोर्स देखकर घर में मौजूद बेटे अभिषेक और बहू मनीषा दंग रह गए और उनकी कलई खुल गई। मौके से ही पुलिस ने उन्हें हिरासत में लिया। और बुजुर्ग मां-बाप की तहरीर पर बेटे बहू के खिलाफ चकेरी थाने में एफआईआर दर्ज करके जेल भेज दिया गया।
सीनियर सिटीजन की सभी समस्याएं सुनें :- पुलिस कमिश्नर ने सभी थानेदारों को हिदायत दी कि, सीनियर सिटीजन की सभी समस्याओं को थानेदार प्राथमिकता पर समाधान करें।