सांसद डॉक्टर मुरली मनोहर जोशी शहर से गायब, सपा कार्यकर्ताओं ने जमकर किया प्रदर्शन, बाढ़ प्रभावितों को मुआवजा दिए जाने की मांग
कानपुर। लगातार पांच दिनों तक हुई बारिश ने कानपुर को रूला दिया। घरों में बरसात के पानी ने कब्जा जमा लिया है तो सड़क, रोड, मोहल्ले, बस्तियां और गलियां तालाब के रूप में तब्दील हो गई है। सैकड़ों लोग अपनी गृहस्थी को छोड़ पलायन गए, बावजूद शहर के सांसद डॉक्टर मुरली मनोहर जोशी लापता हैं। इसी के चलते शनिवार को सपा कार्यकर्ता उग्र हो गए और पार्टी कार्यालय नवीन मार्केट में जमकर प्रदर्शन कर डॉक्टर जोशी का पुतला फूंक दिया। सपा नगर अध्यक्ष मुईन खान ने कहा कि यहां से दो मंत्री, दो सांसद और सात बीजेपी के विधायक हैं और मेयर हैं, पर जनता जलजले से कराह रही है। जनता समस्याओं को लेकर जनप्रतिनिधियों के पास जा रहे हैं, लेकिन वो लखनऊ और दिल्ली में आराम फरमा रहे हैं। अगर जनता को जलभराव से छुटकारा नहीं मिला तो सपा कार्यकर्ता सड़क से संसद को जाम कर देंगे।
पिछले कई माह से नहीं आए सांसद
इंद्रदेवता ने रौद्र रूप दिखाया तो पूरा कानपुर रो पड़ा। बारिश के पानी ने इस तरह से कहर ढाहा कि ऐसा कोई मोहल्ला नहीं बचा जो बाढ़ से प्रभावित न हो। बारिश के चलते सैकड़ों लोग फुटपाथ पर आ गए, लेकिन सत्ताधारी दल के मंत्री, सांसद व विधायक जनता के दुख के साथ खड़े होने के बजाए लापता दिखे। इसी के चलते समाजवादी पार्टी के कार्यकर्ता सड़क पर उतर आए और सांसद मुरली मनोहर जोशी का पुतला दहन के बाद जमकर नारेबाजी की। नगर अध्सक्ष मुईन खान ने बताया कि सांसद चकेरी एअरपोर्ट के उद्घाटन के लिए शहर आए और कुछ घंटे रूकने के बाद चले गए। वो पिछले कई माह से कानपुर नहीं आए। जनता की समस्याओं का निराकरण नहीं हो रहा। योगी सरकार के दोनों मंत्री भी अपने क्षेत्रों के बजाए राजधानी में ज्यादा समय बिता रहे हैं।
सीएम ने दिया था पुरूस्कार
नगर अध्यक्ष ने बताया कि कागजी कलाकारी दिखाकर नगर निगम के अधिकारियों को सीएम योगी आदित्यनाथ ने पुरूस्कार देकर पीट थपथपाई थी। लेकिन वास्तविक कारगुजारियां अब किसी से छुपी नहीं हैं। जिस शहर को योगी सरकार ’स्मार्ट सिटी’ बनाने का ख्वाब संजो रही है, वहां अफसरों की नाकाबिलियत को छह दिन के बारिश ने खोल कर रख दिया है। स्वच्छ भारत मिशन’ चलता रहा, लेकिन नाले तक साफ नहीं किए गए। नतीजतन, नालों की गंदगी घरों में समा गई। सड़कें गड्ढामुक्त करने के लिए लाखों रुपया खर्च कर दिया गया, लेकिन उखड़ी सड़कें तालाब बन गई। जर्जर भवनों की सूची तो नगर निगम अधिकारियों ने बना ली, लेकिन एसी दफ्तरों से निकलने की फुर्सत न मिली। बारिश में मकान ढह रहे हैं, लोगों को घायल कर रहे हैं, जान ले रहे हैं। जनता की तकलीफ से सिर्फ अधिकारी ही नहीं, बीजेपी के जनप्रतिनिधियों को भी कोई वास्ता नहीं।
सपा की टीमें बचाव-राहत कार्य में जुटी
नगर अध्यक्ष ने बताया कि सपा के सैकड़ों कार्यकर्ता खुद के पैसे से राहत शिविरों में लोगों को भोजन सहित अन्य समाग्री पहुंख रहे हैं। ग्रामीण जिलाध्यक्ष राघवेंद्र सिंह यादव को ग्रामीण इलाकों की जिम्मेदारी दी गई है, वहीं कानपुर में शहर के विधायक, पदाधिकारी व कार्यकर्ता पानी में फंसे लोगों को बाहर निकाल रहे हैं। नगर अध्यक्ष ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और सीएम योगी से हम मांग करते हैं कि लापरवाह अफसरों के खिलाफ कार्रवाई करें और सांसद डॉक्टर जोशी को कानपुर भेजें। नगर अध्यक्ष ने सीएम योगी आदित्यनाथ से मांग की है कि बारिश प्रभावितों को जल्द से जल्द उचित मुआवजा दिया जाए। जिनके घर ढह गए हैं उनके घरों का निर्माण कराएं।