बर्फीली हवाओं के असर के कारण मौसम सर्द होने लगा है। पूर्वी उत्तर भारत में ठंड तेजी से बढ़ रही है। गलन के साथ ही कड़कड़ाती ठंड की शुरुआत हो चुकी है। बर्फीली हवाओं के बीच धूप की तपिश फीकी पड़ गई है।
कानपुर. बर्फीली हवाओं के असर के कारण मौसम सर्द होने लगा है। पूर्वी उत्तर भारत में ठंड तेजी से बढ़ रही है। गलन के साथ ही कड़कड़ाती ठंड की शुरुआत हो चुकी है। बर्फीली हवाओं के बीच धूप की तपिश फीकी पड़ गई है। दिन और रात के तापमान में मामूली वृद्धि हुई है लेकिन तेज रफ्तार और दोनों तापमान के बीच अंतर समान रहने से लोगों में शीतलहर का एहसास होगा। सीएसए के मौसम विज्ञानी डॉ. एसएन पांडेय के मुताबिक फिलहाल सर्दी का सितम जारी रहेगा। रात और दिन के तापमान में फिर गिरावट आ सकती है। एक से दो डिग्री के बीच उतार-चढ़ाव बना रहेगा।
बना रहेगा सर्दी का दौर
भले ही हवा की दिशा उत्तर पश्चिम से दक्षिण पश्चिमी हो गईं लेकिन इसकी औसत रफ्तार तीन किमी से अधिक रही। दिन में कई बार इसकी गति 10 किमी प्रति घंटा तक चली गई। मौसम विज्ञानी ने कहा कि सर्दी का दौर जारी रहेगा। आने वाले दिनों में तापमान अब और नीचे जाएगा। न्यूनतम तापमान 8-9 डिग्री सेल्सियस के आसपास तक जा सकता है। हिमालय के कुछ इलाकों में पश्चिमी विक्षोभ आ रही है। इससे पहाड़ों के साथ ही मैदानों पर भी असर होगा।