
करौली. जम्मू- कश्मीर के पुलवामा में हुए आतंकवादी हमले में ४२ सैनिकों के शहीद होने के बाद करौली के लोगों को गुस्सा भी फूट पड़ा। लोगों ने करौली के स्वामी विवेकानंद पार्क में श्रद्धांजलि सभा कर सैनिकों के याद किया तथा इसे पाकिस्तान की कायरना हरकत बताके सरकार से एक के बदले दस पाकिस्तानी सैनिकों को मारने की मांग केन्द्र सरकार से की। श्रद्धांजलि सभा में मॉडल स्कूल के प्रधानाचार्य सर्वेश गुप्ता ने पाकिस्तान ने धोखे से सैनिकों पर बार किया है, सैनिकों के शहीद होने की सूचना से लोगों में गुस्सा है। राज्यपाल से पुरस्कृत शिक्षक मुकेश सारस्वत, शिक्षक संघ राजकीय महाविद्यालय में सहायक आचार्य विनोद शंकर मीना, प्रीतम सिंह मीना, चन्द्रशेखर मीना आदि ने कहा कि पाकिस्तानी को सबक सिखाना ही होगा। इधर स्टेडियम में सैनिकों को श्रद्धांजलि दी गई। भारत हॉस्पीटल के डॉ. बीएल मीना ने बताया कि सुबह घूमने आए लोगों ने श्रद्धांजलि सभा की तथा दो मिनट का मौन रखा।
राजनीति नहीं एक जुटता दिखानी होगी
आदिवासी मीना महासभा संस्थान के बृजलाल डिकोलिया, शिक्षक संघ अम्बेडकर संघ के जिलाध्यक्ष अमृतलाल छाबड़ा, पंचायत समिति प्रधान इन्दू देवी जाटव ने कहा कि शहीद सैनिकों के मामले में राजनीति नहीं होनी चाहिए, देश को एक जुटता का परिचय देकर पाकिस्तान के खिलाफ कठोर कार्रवाई की जानी चाहिए। .
दो मिनट का मौन रख श्रद्धांजलि दी
विवेकानंद पार्क में श्रद्धांजलि सभा रखी गई। जिसमें सैनिकों के चित्रों के सामने पुष्प अर्पित किए तथा दो मिनट का मौन पर उन्हें श्रद्धांजलि दी गई। इस दौरान करौली शहर के विभिन्न क्षेत्र में काम करने वाले लोग पार्क में पहुंचे तथा केन्द्र सरकार से एक के बदले दस सिर लाने की मांग की। उन्होंने कहा कि पाकिस्थान को कठोर जवाब देना ही होगा, तब ही देश के लोगों को शांति मिलेगी।
दो मिनट का मौन रख श्रद्धांजलि दी
विवेकानंद पार्क में श्रद्धांजलि सभा रखी गई। जिसमें सैनिकों के चित्रों के सामने पुष्प अर्पित किए तथा दो मिनट का मौन पर उन्हें श्रद्धांजलि दी गई। इस दौरान करौली शहर के विभिन्न क्षेत्र में काम करने वाले लोग पार्क में पहुंचे तथा केन्द्र सरकार से एक के बदले दस सिर लाने की मांग की। उन्होंने कहा कि पाकिस्थान को कठोर जवाब देना ही होगा, तब ही देश के लोगों को शांति मिलेगी।