करौली

यहां विकास के प्रोजेक्टों को ठण्डे बस्ते में डालना पड़ेगा भारी,क्या है मुद्दा में लोगों ने दिए सुझाव

rajasthan patrika hindi news.com
2 min read
Mar 15, 2019
Here the development projects will have to be put in the cold, what is
यहां विकास के प्रोजेक्टों को ठण्डे बस्ते में डालना पड़ेगा भारी,क्या है मुद्दा में लोगों ने दिए सुझाव

यहां विकास के प्रोजेक्टों को ठण्डे बस्ते में डालना पड़ेगा भारी,क्या है मुद्दा में लोगों ने दिए सुझाव
करौली. लोकसभा चुनाव में राष्ट्रीय मुद्दों के साथ ही करौली-धौलपुर संसदीय क्षेत्र में रोजगार व विकास के प्रोजेक्टों को ठण्ड़े बस्ते में डालने का मुद्दा भी छाया रहेगा। यह जानकारी लोगों ने राजस्थान पत्रिका की ओर से आयोजित क्या है मुद्दा की चर्चा में दी। करौली के खनन व्यवसायी पूरणप्रताप चतुर्वेदी ने कहा कि हिण्डौन सिटी क्षेत्र में लोह के अकूत भण्ड़ार सर्वे में मिले है। लेकिन दस साल से यह प्रोजेक्ट ठण्ड़े बस्ते में है। इस लोकसभा चुनाव में लोह के भंडार के प्रोजेक्ट के बारे में प्रत्याशियों से चर्चा की जाएगी, उनके घोषणा पत्र मेंं इसे शामिल कराने की मांग करेंगे। जिला वैश्य महासम्मेलन समिति के वरिष्ठ उपाध्यक्ष और व्यवसायी रिद्वीचंद बंसल ने लोह भंडार के प्रोजेक्ट का मुद्दा चुनाव में छाने की बात कही, कहा कि इस प्रोजेक्ट के मंजूर होने के बाद जिले की दशा ही बदल जाएगी। उन्होंने कहा कि रेलवे का मुद्दा भी महत्वपूर्ण रहेगा। शिक्षक संघ अम्बेडकर के जिलाध्यक्ष अमृतलाल छाबड़ा ने कहा कि विकास को प्रोजेक्ट को आमजन का मुद्दा बनाने के लिए सक्रियता से काम करना होगा। उन्होंने कहा कि रोजगार की बात भी की जाएगी। विधायक व लोकसभा चुनाव के प्रत्याशियों को लौह भंडार प्रोजेक्ट को चालू करानी की मांग की जाएगी। पदेवा में निजी स्कूल संचालक धारा सिंह माली, बबलू सारस्वत आदि ने पॉलोटेक्निक व इंजीनियरिंग कॉलेज के मुद्दे को प्राथमिकता दी। उन्होंने बताया कि ये कॉलेज करौली के नाम से स्वीकृत है। लेकिन दूसरे जिलों में संचालित है।
आयुर्वेद का हब बने
चैनपुर के आयुर्वेद चिकित्सक डॉ. रमन लवानिया ने बताया कि केरल का विकास आयुर्वेद की वजह से हुआ है, करौली के जंगलों में औषधियों के भंडार है, लेकिन उनका उपयोग ही नहीं हो रहा है। आयुर्वेद का हब बनने से लोगों को रोजगार मिलेगा तथा स्वास्थ्य में सुधार भी संभव है। एनजीओ संचालक अरविन्द राय ने बताया कि सिलीकोसिस जिले में पूरा तरह पेल गया है, सैकड़ों मौत हो चुकी है। इसे लोकसभा चुनाव में जनता का मुद्दा बनाया जाना चाहिए। उन्होंने बताया कि रेल के प्रोजेक्ट को सरकार ने ठण्ड़े बस्ते में डाल दिया है, जो भारी पड़ेगा। बाद में पहुंचे जिला कांग्रेस के उपाध्यक्ष भूपेन्द्र भारद्वाज व एडवोकेट महेन्द्र मुद्गल ने भी सुझाव दिए।

Published on:
15 Mar 2019 09:16 pm