कांग्रेस ने कहा-जवाब देने की बजाय आवाज दबाने के लिए लगाया गया डीजे, पुलिस से भी हुई जमकर धक्का-मुक्की, इंदौर में खराब पानी से हुई मौतों को लेकर कांग्रेस ने किया है प्रदर्शन
कटनी. इंदौर में खराब पानी पीने से हुई बेनगुनाहों की मौत, हजारों लोगों के बीमार होने की घटना में संवदेनशीलता दिखाने की बजाय सियासत शुरू हो गई है। रविवार को गुरु नानक वार्ड स्थित विधायक संदीप जायसवाल के निवास पर रविवार दोपहर अजीबोगरीब प्रदर्शन देखने को मिला। एक ओर जहां कांग्रेस ने घंटा बजाकर जनप्रतिनिधियों को जगाने व दोषियों पर कड़ी कार्रवाई की मांग दोहराई तो वहीं भाजपाइयों ने डीजे लगाकर पूजा, आरती व डांस करते दिखे।
इंदौर में दूषित पानी पीने से डेढ़ दर्जन लोगों की मौत और 600 से अधिक लोग जो जिंदगी और मौत के बीच संघर्ष कर रहे हैं, इस घटना ने पूरे देश को झकझोर कर रख दिया है। हर कोई इस घटना से आहत है। इस घटना में मीडया के सवाल पर मंत्री कैलाश विजयवर्गीय द्वारा दिए गए विवादित बयान के विरोध में रविवार को कांग्रेस मुख्यालय के निर्देश पर शहर कांग्रेस के अध्यक्ष अमित शुक्ला के नेतृत्व में सैकड़ो कांग्रेसी घंटा बजाते हुए विधायक संदीप जायसवाल के निवास पर पहुंचे।
जैसे ही विधायक संदीप जायसवाल को खबर लगी कि उनके निवास पर कांग्रेस के लोग प्रदर्शन करने के लिए आ रहे हैं तो उन्होंने पदाधिकारी व समर्थकों को सूचना दी समर्थक भी एकत्रित हो गए। इस दौरान विधायक निवास के बाहर डीजे लगा दिया गया भगवान श्रीराम दरबार की तस्वीर रखकर पूजा-आरती व भजन गाए गए। कार्यकर्ता व समर्थकों ने जमकर नृत्य किया। एक ओर जहां कांग्रेस के पदाधिकारी इंदौर की घटना के विरोध में भाजपा विधायक संदीप जायसवाल, मंत्री कैलाश विजयवर्गीय व सरकार के विरोध में नारेबाजी कर रहे थे। वहीं दूसरी ओर भाजपा के लोग भजनों की धुन पर डांस करते रहे। इस दौरान दोनों ही पक्षों में अजीबो-गरीब रंग देखन को मिला।
एक ओर जहां इंदौर में हुई दुर्भाग्यपूर्ण घटना और मंत्री कैलाश विजयवर्गीय के विवादित बयान के विरोध में विधायक के आवास में प्रदर्शन करने गए थे। विधायक से मिलकर अपनी बात रखने वाले थे, लेकिन इस दौरान वहां पर भाजपा के पदाधिकारी, कार्यकर्ता व विधायक समर्थक डीजे के धुन पर धार्मिक गीतों में नृत्य करते दिखे। कांग्रेसियों ने कहा कि वक्त था कि मृतकों के लिए श्रद्धांजलि दी जाए, गंभीरता से चिंतन-मनन किया जाए कि इंदौर की तरह कहीं पर घटना की पुनर्रावृत्ति न हो, लेकिन यहां पर भाजपाई डांस करते रहे और मिठाई बांटते रहे।
प्रदर्शन के दौरान कांग्रेसियों व पुलिस में जमकर झड़प हुई। जब बहुत देरतक कांग्रेसी अलग नहीं हुए तो पुलिस ने खदेडकऱ अलग करने का प्रयास किया। इस दौरान कांग्रेसी विधायक के पास जाने आमादा था, लेकिन पुलिस बल ने धक्का-मुक्की करते हुए हटा दिया।
कांग्रेसियों को विधायक निवास से दूर तक खदेड़ते हुए पुलिस ने बेरीकेट्स लगाकर प्रदर्शनकारियों को रोक दिया। कांग्रेस के पदाधिकारी व कार्यकर्ता यहां पर भी जमकर नारेबाजी करते रहे और बेरीकेट्स अलग कर विधायक निवास पर जाने का प्रयास किया, पुलिस पुलिस के अधिकारी-कर्मचारियों ने बेरीकेट्स को नहीं अलग करने दिया, इसके बाद कांग्रेस लौट गए।
जब कांग्रेस के लोग विधायक निवास पर घंटा बजाते हुए प्रदर्शन करने पहुंचे तो इस दौरान प्रदर्शनकारियों को रोकने के लिए बड़ी संख्या में पुलिस बल तैनात रहा। प्रशासनिक अधिकारी भी मौजूद रहे। विधायक निवास पुलिस छावनी में तब्दील रहा। इस मौके पर डिप्टी कलेक्टर व एसडीएम विजयराघवगढ़ विवेक गुप्ता, नायब तहसीलदार अतुलेश सिंह, कोतवाली टीआई राखी पांडेय, कुठला राजेंद्र मिश्रा, माधवनगर संजय दुबे, निरीक्षक विजय विश्वकर्मा सहित उप निरीक्षक, सहायक उप निरीक्षक, प्रधान आरक्षक व आरक्षक मौजूद रहे।
कांग्रेसी बगैर सूचना के घर में प्रदर्शन करने आये थे, जो उचित नहीं है। इंदौर की घटना में सरकार गंभीर है। दोषियों पर कार्रवाई हो गई है। पीडि़तों का इलाज जारी है। कांग्रेसी मंदिर का घंटा लेकर बजाते हुए पहुंचे थे, इसलिए भगवान श्रीराम का दरबार लगाया गया। वहां पर पूजा-आरती की गई। मैं कई बार कांग्रेसियों से बात करने के लिए गया, लेकिन वे लगातार नारेबाजी करते रहे। शहर में भी लगातार अधिकारियों से चर्चा कर एहतियात बरतने निर्देश दिए गए हैं, ताकि लोगों को साफ पेयजल मिले।
शांतिपूर्ण ढंग से घंटा बजाते हुए विधायक निवास पहुंचे थे। विधायक ने सैकड़ों की तादाद में पुलिस व प्रशासनिक अधिकारी बुला लिए थे। विधायक के निवास तक जाने नहीं मिला। विधायक ने बात नहीं की। विधायक के समर्थकों ने जश्न मनाया। इंदौर में कई लोगों की मौत हजारों के बीमार होने के मामला गंभीर होने पर भी मंत्री ने विवादित बयान दिया है। विधायक निवास पर डीजे लगाकर आवाज को दबाया गया। पुलिस ने विधायक से मिलने नहीं दिया गया। भाजपाई मजाक उड़ाते दिखे।
इंदौर की घटना बेहद दुर्भाग्यपूर्ण है। जिम्मेदारों की लापरवाही से बेगुनाहों की जान गई है। हजारों लोग जिंदगी और मौत के बीच संघर्ष कर रहे हैं। इस पर सीएम व मंत्री कैलाश विजयवर्गीय को इस्तीफा देना चाहिए। शहर विधायक के निवास पर हम लोग बात करने गए थे, लेकिन यहां पर विधायक संदीप जायसवाल ने बात नहीं सुनी। मौतों पर न सिर्फ मजाक उड़ाया गया बल्कि भाजपाई जश्न मनाते हुए डांस करते दिखे।
इंदौर की घटना गंभीर लापरवाही का पर्याय है। इसके बाद मंत्री का बयान शर्मनाक है। हम लोग बया व घटना के विरोध में विधायक कार्यालय पर पहुंचकर बात रखने गए थे, लेकिन पुलिस ने रोका, जो कि लोकतंत्र की हत्या है। जनता की लड़ाई करने पहुंचे थे। यहां पर विधायक ने स्पीकर तेज करके बात नहीं सुनी। विधायक भाजपा के साथ व समर्थकों के साथ मिलकर हमारी आवाज को दबाने का प्रयास किया है। हम जनता के हित में आवाज उठाते रहेेंगे। जनता के साथ लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
इंदौर में घृणित घटना सामने आई है। क्षेत्रीय विधायकों के निवास पर प्रदर्शन किया गया है। भाजपा सरकार के खिलाफ प्रदर्शन कर चेताया गया है कि जनप्रतिनिधी नींद से जाग जाएं और लोगों को मूलभूत सुविधाएं उचित तरीके से प्रमाण कराएं। भगवान श्रीरामचंद्र सभी के आराध्य हैं, लेकिन विधायक व भाजपा के लोग श्रीराम के आड़ में जिम्मेदारी से भागते नजर आए। शहर में सीवर लाइन में घोटाला हो रहा है, आयेदिन मटमैला पानी आ रहा है। पुलिस ने भी कांग्रेस के साथ धक्कामुक्की की है।