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कटनी. पश्चिम मध्य रेल महाप्रबंधक शोभना बंदोपाध्याय ने शुक्रवार को जबलपुर-कटनी मुड़वारा रेल खण्ड का जायजा किया। निरीक्षण के दौरान महाप्रबंधक ने इस रेलखण्ड पर स्थित स्टेशनों, रेल पुलों, ओएचई लाइन, सिग्नल प्रणाली एवं समपार फाटकों की जानकारी ली एवं समीक्षा कर निरीक्षण किया। इस रेल खण्ड पर रनिंग की गुणवत्ता को परखा एवं रेलखण्डों में पेट्रोलिंग कहां-कहां चल रही है इसकी विस्तृत जानकारी प्राप्त की। इस रेलखण्ड पर स्थित समपार फाटकों एवं ट्रैक पर कार्य करने वाले गैंगमैन, ट्रैकमैन की सुरक्षा एवं सरंक्षा के बारे में विशेष जानकारी प्राप्त कर अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए।
महाप्रबंधक ने न्यू कटनी जंक्शन एवं कटनी मुड़वारा एरिया में बन रहे ग्रेड सेपरेटर प्रोजेक्ट का परख इंस्पेक्शन कार से निरीक्षण प्रारंभ किया। इसी दौरान मुख्य प्रशासनिक अधिकारी निर्माण, प्रमुख मुख्य अभियंता, मण्डल रेल प्रबंधक जबलपुर के साथ इरकॉन के अधिकारियों की उपस्थिति में पूरे एरिया का निरीक्षण किया गया। जहां उन्होंने ग्रेड सेपरेटर प्रोजेक्ट की समीक्षा कर गहन निरीक्षण किया गया। इस ग्रेड सेपरेटर में चल रहे फेब्रिकेशन वर्क शॉप का भी निरीक्षण किया। साथ ही निर्माण प्रक्रिया एवं लेआउट एवं चल रहे कार्यों की प्रगति का समीक्षा कर अधिकारियों को निर्देशित किया। निरीक्षण के दौरान महाप्रबंधक ने अधिकारियों को ग्रेट सेपरेटर के तहत चल रहे कार्य को गुणवत्ता के साथ निर्धारित तिथि पर पूर्ण करने के निर्देश दिए।
यह बन रहा ग्रेड सेपरेटर
बता दें कि ग्रेड सेपरेटर की कुल लंबाई 33.40 किमी है। जिसमें डाउन ग्रेड सेपरेटर 17.52 किमी एवं अप ग्रेड सेपरेटर 15.85 किमी का निर्माण कार्य किया जा रहा है। इस ग्रेड सेपरेटर में कुल 689 पियर्स/अब्यूटमेंट्स, 8 रेल ओवर रेल (आरओआर), 6 मेजर ब्रिज निर्माण कार्य के साथ एलिवेटेड डेक पर पॉइंट्स और क्रॉसिंग का कार्य भी किया जा रहा है। साथ ही कटनी ग्रेड सेपरेटर निर्माण कार्य में तेजी लाने, अप साइड में 1570 फाउंडेशन एवं 264 पियर्स और डॉउन साइड में 2592 फाउंडेशन एवं 425 पियर्स का निर्माण किया जा रहा है। इसमें उच्च गुणवत्ता वाले मैटेरियल एवं तकनीक, हैवी मशीनिरी का उपयोग किया जा रहा है। यह भारत का सबसे लंबा रेलवे वायडक्ट कटनी ग्रेट सेपरेटर होगा। इस परियोजना की कुल निर्माण कार्य लागत लगभग रुपएु 1800 करोड़ है। इस दौरान मुख्य प्रशासनिक अधिकारी (निर्माण) एमएस हाशमी, प्रमुख मुख्य इंजीनियर आशुतोष, प्रमुख मुख्य वाणिज्य प्रबंधक कुशाल सिंह, मण्डल रेल प्रबंधक जबलपुर कमल कुमार तलरेजा सहित मुख्यालय एवं मण्डल के अधिकारी मौजूद रहे।
रेलवे को होंगे यह फायदे