कवर्धा

क्या होगा अगर गिरने लगे शौचालय, बाहर जाने के लिए मजबूर लोग

जिम्मेदारों का ध्यान ...सालभर नहीं टीक पाए शौचालय खुले में शौच जाने मजबूर लोगनहीं
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Feb 27, 2018
CGNews

गुढ़ा. शौचालय निर्माण में आधिकारियों की उदासीनता के कारण एक साल पहले बने शौचालय उपयोग करने लायक नहीं रहा। अब घटिया निर्माण की पोल खुलने लगी पोल। स्तरहीन निर्माण के कारण शौचालय का दीवार ढह गया। अब ग्रामीण खुले में शौच करने के लिए मजबूर हो रहे हैं।
कवर्धा जनपद पंचायत अंतर्गत 25 किलोमीटर दूर ग्राम पंचायत बानो के आश्रित ग्राम कुंआ के शौचालय निर्माण में आधिकारियों की उदासीनता व लापरवाही अब सामने आने लगी है। स्वच्छता अभियान के तहत एक साल पहले ग्राम पंचायत बानो में पंचायत द्वारा 231 शौचालय बानाने हैं, जिसमे 229 शौचालय का निर्माण किया गया है। आलम यह है इस गांव के लोग एक साल पहले बने शौचालय छोड़ आज भी खुले में शौच करने मजबूर है। इसका मुख्य कारण स्तरीयहीन शौचालय का निर्माण है, जो साल भर में जर्जर हो चुका है। शौचालय इतना स्तरहीन बना है कि कोई इनमे जाना नहीं चाहता। साथ ही ग्रामीणों द्वारा ही खुद के शौचालय का गड्ढा खोदवाया गया है, जिसका मजदूरी का भुगतान भी सरपंच द्वारा नहीं किया गया है, जो की पंचायत की भार्रसाही रवैये को दर्शता है।

बांस व कागज के पुट्टे से छत ढलाई
शौचालय निर्माण में छड़ के स्थान पर बांस व कागज के पुट्टे का उपयोग कर ढलाई कर दी गई है। ग्रामीण दशरथ चन्द्राकर ने बताया की उनका शौचालय का दीवार दो भाग में 6 महीने पहले ही गिर गया। आलम यह है कि शौचालय का निर्माण घर से 200 मीटर दूर ब्यौरा (कोटार) में कर दिया है। शौचालय का टिन शेड भी गिर गया है। साथ ही राजकुमार चन्द्राकर ने बताया कि शौचालय का गड्ढा खोदवाया गया, लेकिन आज तक मजदूरी का भुगतान नहीं किया गया। हितग्रहियों का कहना है कि हमे पूरी राशि दे दी जाए तो इससे बेहतर शौचालय का निर्माण करा लेंगे। हितग्रहियों ने बताया कि मात्र दो बोरी सीमेंट में पुरे शौचालय का निर्माण करा दिया गया है। उन्होंने बताया की शौचालय में घटिया निर्माण होने से हमे मजबूरन खुले में शौच जाना पड़ रहा है।

निर्माण कार्य में भारी अनियमितता
ग्राम पंचायत बानो में शासकीय राशि का जमकर दुरूपयोग किया गया है। शौचालय निर्माण में गुणवत्ता को ताक में रखकर घटिया सामाग्री का उपयोग किया गया। ग्रामीण गणेश चन्द्राकर, नीलकंठ चन्द्राकर ने बताया कि शौचालय के सोख्ता गड्ढा व सेप्टिक टैंक निर्माण में भारी अनियमितता बरती गई है। इसके चलते साल भर में ही शौचालय उपयोग करने लायक नहीं है। इसके कारण वे अब बाहर शौच के लिए जाने का मजबूर हो चुका है। लेकिन इस ओर कोई ध्यान नहीं है।

मरम्मत किया जाएगा
जो शौचालय जर्जर है उसका जल्द ही रिपेरिंग किया जाएगा। वहीं जिनका मजदूरी का भुगतान रुका है होली के बाद
मिल जाएगा।
मोनेन्द्र चन्द्राकर, सरपंच ग्राम पंचायत बानो

Published on:
27 Feb 2018 04:14 pm