
जिला प्रशासन के हस्तक्षेप पर जनभागीदारी के तहत कॉलेज प्रबंधन ने मल्टीपर्पज भवन 75 लाख अतिरिक्त देने के बाद भी 1.61 करोड़ का मल्टीपर्पज जिम अधूरा है। पीआईयू के अधिकारी अभी डिजाइन का इंतजार कर रहे हैं। निर्माण के लिए 75 लाख रुपए की अतिरिक्त राशि देने के बाद भी काम अधूरा है। इससे निर्माण एजेंसी की भूमिका सवालों के घेरे में आ गई है।
एसएन कॉलेज में खेल और फिटनेस का बुनियादी ढांचा विकसित करने की योजना आठ साल से अधूरी है। एसएन कॉलेज के खेल ग्राउंड में 1.61 करोड़ रुपए की लागत से बनने वाला मल्टीपर्पज जिम अब तक तैयार नहीं हो सका। निर्माण के लिए 75 लाख रुपए की अतिरिक्त राशि देने के बाद भी काम अधूरा है। इससे निर्माण एजेंसी की भूमिका सवालों के घेरे में आ गई है।
कलेक्टर के हस्तक्षेप के बाद भी प्रगति खराब
कलेक्टर के हस्तक्षेप पर कॉलेज प्रबंधन ने निर्माण कार्य पूर्ण करने के लिए अतिरिक्त राशि स्वीकृत कर दी गई है। वहीं, पीआईयू के कार्यपालन यंत्री का तर्क है कि आगे के निर्माण के लिए संशोधित डिजाइन का इंतजार है। राष्ट्रीय उच्चतर शिक्षा अभियान (रूसा) के तहत एसएन कॉलेज को वर्ष 2018-19 में मल्टीपर्पज जिम के लिए 1.61 करोड़ रुपए मिले थे। उद्देश्य कॉलेज में खेल सुविधाओं के साथ विद्यार्थियों और स्टाफ के लिए फिटनेस गतिविधियों का केंद्र विकसित करना था। लेकिन निर्माण समय पर पूरा नहीं हुआ। नतीजा यह है कि आठ साल बाद भी विद्यार्थियों को इस सुविधा का लाभ नहीं मिल सका।
मल्टीपर्पज जिम का निर्माण दो मंजिला भवन के रूप में प्रस्तावित था। इसके लिए 1450 स्क्वायर फीट में यानी प्रत्येक मंजिल 725 स्क्वायर फीट निर्माण का एस्टीमेट तैयार किया गया था। पीआईयू ने दोनों मंजिल का एरिया ग्राउंड फ्लोर पर ही निर्माण शुरू किया। काम के दौरान निर्धारित राशि खत्म हो गई। इसके बाद पीआईयू ने संशोधित कार्ययोजना प्रस्तुत की। रूसा ने संशोधित राशि देने से इनकार कर दिया। इससे योजना अटक गई। अब कॉलेज प्रबंधन ने कलेक्टर के हस्तक्षेप पर निर्माण पूरा कराने के लिए जनभागीदारी से करीब 75 लाख रुपए की अतिरिक्त राशि स्वीकृत की है। इसके बावजूद काम पूरा नहीं हो सका।
मल्टीपर्पज जिम में इंडोर खेलों के साथ वेट ट्रेनिंग, कार्डियो, योग और एरोबिक्स जैसी गतिविधियों की सुविधा प्रस्तावित है। इससे विद्यार्थियों और कॉलेज स्टाफ को एक ही परिसर में खेल और फिटनेस की सुविधाएं मिलनी थीं। लेकिन निर्माण में देरी के कारण योजना का उद्देश्य ही अधूरा है।
एसएन कॉलेज की ई-लाइब्रेरी का निर्माण भी अब तक पूरा नहीं हो सका है। आकांक्षी जिला होने के कारण नीति आयोग ने इसके लिए 2 करोड़ 15 लाख 53 हजार रुपए स्वीकृत किए थे। अप्रैल 2025 में निर्माण शुरू हुआ। अभी भी दरवाजे, सीढि़यां और फर्नीचर सहित कई काम बाकी हैं। पीआईयू ने संशोधित कार्ययोजना के तहत लागत बढ़ाकर 3.24 करोड़ रुपए करने का प्रस्ताव दिया है। अतिरिक्त राशि अब तक नहीं मिली है। इससे ई-लाइब्रेरी का काम भी अधूरा है।
डॉ. सोमपाल सिंह, प्राचार्य, एसएन कॉलेज मल्टीपर्पज जिम का निर्माण पूरा कराने के लिए जनभागीदारी से अतिरिक्त राशि स्वीकृत की गई है। काम पूरा करने के लिए पीआईयू को रिमाइंडर भेजा गया है।
एसके त्रिपाठी, कार्यपालन यंत्री, पीआईयू, पीआईयू का जवाब मल्टीपर्पज जिम का निर्माण पुराना है। मुझे यहां आए दो साल हुए हैं। संशोधित कार्ययोजना के बाद डिजाइन का इंतजार है। डिजाइन मिलते ही निर्माण पूरा कराने की कार्रवाई की जाएगी।