
घरेलू गैस कनेक्शन पर अघोषित रोक लगा दी गई है। गैस एजेंसियों के दरवाजे पर पांच हजार आवेदकों की कतार लगी है। पारंपरिक एलपीजी कनेक्शन नहीं मिलने से नए परिवारों को महंगे फाइबर सिलेंडर ( जिप 10 केजी ) का विकल्प दिया जा रहा है। दूसरी ओर, शहर में पाइप्ड नेचुरल गैस ( पीएनजी ) का नेटवर्क तैयार करने की कवायद तेज हो गई है। अब तक मुख्य पाइपलाइन बिछाने का 17 किमी काम शुरू हो चुका है। शुरुआती चरण में दस हजार घरेलू कनेक्शन देने की तैयारी है।
शहर में घरेलू एलपीजी कनेक्शन जारी नहीं होने से नए परिवार गैस एजेंसियों के चक्कर लगा रहे हैं। गैस एजेंसी संचालकों के अनुसार, युद्ध के बाद से एलपीजी के नए घरेलू कनेक्शन जारी नहीं हो रहे हैं। विभिन्न एजेंसियों में करीब 5 हजार आवेदन लंबित हैं। प्रतिदिन औसत प्रत्येक एजेंसी पर दो से तीन उपभोक्ताओं को विकल्प के तौर पर 10 किलो क्षमता वाले जिप फाइबर सिलेंडर दिए जा रहे हैं। भारत गैस एजेंसी पर आनंद नगर निवासी नीलेश कनेक्शन के लिए पत्नी के नाम से आवेदन किया है। तीन माह पहले आवेदन पर कनेक्शन नहीं मिला तो प्लास्टिक का सिलेंडर 4900 रुपए में क्रय करना पड़ा। इसी तरह सुमन तिवारी, पिंकी मालाकार आदि को भी विकल्प में महंगे सिलेंडर क्रय करने पड़े।
फाइबर सिलेंडर का कनेक्शन लेने 4900 रुपए खर्च करने पड़ रहे हैं। रिफिलिंग के लिए 1700 रुपए चुकाने होते हैं। वहीं, एलपीजी के पारंपरिक घरेलू सिलेंडर (14.2 किलो ) की रिफिल 989 रुपए में होती है। कनेक्शन 2400 रुपए में मिल जाते थे। अब नए कनेक्शन के लिए महंगे विकल्प को अपनाने की मजबूरी बढ़ गई है।
एलपीजी कनेक्शन की समस्या के बीच शहर में पीएनजी नेटवर्क विकसित करने का काम तेज हो गया है। शहर में घर-घर कनेक्शन के लिए 250 किमी पाइप लाइन बिछेगी। 50 किमी मेन लाइन का कार्य चल रहा है। अब तक 17 किमी बिछाई जा चुकी है।
प्रारंभिक चरण में 10 हजार घरेलू कनेक्शन देने की योजना है। इसके अलावा होटल, रेस्टोरेंट, बेकरी और उद्योगों को भी पीएनजी से जोडऩे की तैयारी है। करीब 1300 व्यावसायिक कनेक्शन टेस्टिंग के लिए प्रस्तावित हैं। गैस की आपूर्ति भोजाखेड्री, इंदौर नाका, सिविल लाइंस से पूरे शहर में की जाएगी।
परियोजना में दो डीआरएस स्टेशन बनाने की योजना है। नेटवर्क में मुख्य लाइनें और पीई पाइपलाइन शामिल होंगी। प्रत्येक लाइन में 150 से 200 कनेक्शन पर सर्विस रेगुलेटर लगाने की व्यवस्था रहेगी। सुरक्षा के लिए 24 घंटे मॉनिटरिंग की योजना भी बनाई गई है। हालांकि, उपभोक्ताओं को नए कनेक्शन कब से मिलेंगे, यह प्रक्रिया शुरू होने के बाद ही स्पष्ट होगा।
एक नजर में पीएनजी परियोजना
300 किमी : गैस नेटवर्क विकसित करने की योजना।
250 किमी : घरों तक कनेक्शन की पाइपलाइन का लक्ष्य।
10 हजार : शुरुआती चरण में घरेलू कनेक्शन की तैयारी।
1300 : व्यावसायिक कनेक्शन से टेस्टिंग के लिए प्रस्तावित।
पारंपरिक घरेलू गैस कनेक्शन की स्थिति
3.20 लाख : कुल परिवार।
1.20 लाख : पेड एलपीजी कनेक्शन।
1.96 लाख : उज्ज्वला योजना के कनेक्शन।
5000 : नए घरेलू गैस कनेक्शन के लंबित आवेदन।
4900 रुपए : जिप फाइबर सिलेंडर कनेक्शन की कीमत।
1700 रुपए : फाइबर सिलेंडर की रिफिलिंग।
989 रुपए : घरेलू (14.2 किलो ) सिलेंडर की रिफिलिंग।
राहुल चंदेल, विक्रय अधिकारी एवं नोडल, तेल कंपनियां
एलपीजी घरेलू सिलेंडर के नए कनेक्शन पोर्टल पर लॉक हैं। इसकी जगह प्लास्टिक के सिलेंडर मिल रहे हैं। 10 किलो के सिलेंडर एजेंसियों पर मिल रहे हैं। दस्तावेज के रूप में आधार देकर ले सकते हैं।
सीताराम कोठारे, जिला आपूर्ति अधिकारी, खंडवा
आयल कंपनियों ने अभी कनेक्शन नहीं चालू किया है। विकल्प के तौर पर फाइबर के दस-दस किलो के सिलेंडरों के कनेक्शन दिए जा रहे हैं। शासन की गाइड लाइन आने के बाद आगे की प्रक्रिया शुरू की जाएगी।