कपास की तलाश में आरोपियों को लेकर गई पुलिस, रिमांड पूरा होने पर आज अदालत में पेश करेंगे
खंडवा. पदमनगर थाना पुलिस लाखों के कपास का हेरफेर करने वाले अपराधियों से पूछताछ कर रही है। दो आरोपी रिमांड पर हैं, जिन्हें रविवार को पुलिस की एक टीम कपास बरामदगी के लिए धार जिले के गनवानी लेकर गई थी। आरोपियों में एक ट्रक का मालिक है। देर शाम तक पुलिस की टीम आरोपियों को लेकर लौटी नहीं थी। खबर है कि पहले सुनियोजित तरीके से गिरोह के सदस्यों ने 39 लाख के कपास का हेरफेर किया और अब उसी कपास को खरीदने वाले कारोबारी ने पुलिस से बचने के लिए बदल दिया है। इसका पता चलने पर मामले के फरियादी ट्रांसपोर्टर और कपास कारोबारी पुलिस कार्रवाई से संतुष्ट नहीं हैं। गौरतलब है कि हनुमान जिनिंग एण्ड प्रेसिंग फेक्ट्री ग्राम पंचायत रेहमापुर खंडवा का 39 लाख रुपए का कपास गायब करने के मामले में पूछताछ जारी है। आरोपी सद्दाम खान निवासी बलखड़ जिला खरगोन और शेषनारायण उर्फ चीनू निवासी गांधी नगर इंदौर को रिमांड पर लिया है।
पहले भाग गया था कारोबारी
यह बात सामने आई है कि पूर्व में जो तीन आरोपी रिमांड पर लिए गए थे, उन्हें भी पुलिस टीम गनवानी लेकर गई थी। यहां कपास कारोबारी आशीष खंडेलवाल के वेयर हाउस में दबिश देने पर वह भाग निकला था। उसकी तलाश के बाद बिना कपास जब्त किए पुलिस को लौटना पड़ा था। इस कार्रवाई में फरियादी ट्रांसपोर्ट और हनुमान जिनिंग रेहमापुर के संचालक भी पुलिस के कहने पर पहुंचे थे।
एक क्विंटल की 80 गठान
एक यह बात सामने आई है कि जो कपास गायब की गई थी उस उच्च गुणवत्ता वाली कपास की एक गठान एक क्विंटल 60 किलो थी। अब पुलिस ने गनवानी के आशीष खंडेलवाल के यहां से जो गठाने जब्त की हैं, वह सिर्फ एक क्विंटल की बताई जा रही है। ऐसी 80 गठानें पुलिस जब्त कर अपने साथ लेकर आ रही है। जब्त की गई कपास की बाजार में कीमत करीब 6 लाख रुपए है और जो कपास गायब हुआ उसकी कीमत 39 लाख बताई गई थी। यहां ऐ बात यह भी सामने आई है कि गनवानी के कारोबारी खंडेलवाल को पुलिस ने राहत दी है। जबकि उसने चोरी का कपास खरीदा और उसे ऊंची कीमत पर बेच लिया। अब पुलिस के डर से हल्के किस्म के दूसरे कपास को जब्त कराया है।