खंडवा

मप्र : 32000 संविदा स्वास्थ्य कर्मचारियों की अनिश्चित कालीन हड़ताल से ग्रामीण स्वास्थ्य सेवाएं बेपटरी, मुख्यमंत्री को भेजा पोस्ट कार्ड

राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन : बीस साल से स्वास्थ्य विभाग में संविदा स्वास्थ्य कर्मचारी सेवाएं दे रहे हैं। एक अप्रैल-2025 को लागू नई नीति में कटौती होने और लंबित मांगों को लेकर 22 अप्रैल से अनिश्चित कालीन हड़ताल शुरू कर दिया है। खंडवा, बुरहानपुर, खरगोन समेत प्रदेश के अन्य जिले के अस्पताल परिसर में संविदा स्वास्थ्य […]

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Apr 24, 2025

राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन : बीस साल से स्वास्थ्य विभाग में संविदा स्वास्थ्य कर्मचारी सेवाएं दे रहे हैं। एक अप्रैल-2025 को लागू नई नीति में कटौती होने और लंबित मांगों को लेकर 22 अप्रैल से अनिश्चित कालीन हड़ताल शुरू कर दिया है। खंडवा, बुरहानपुर, खरगोन समेत प्रदेश के अन्य जिले के अस्पताल परिसर में संविदा स्वास्थ्य कर्मचारियों ने टेंट कनात लगाकर प्रदर्शन शुरू कर दिया है।

स्वास्थ्य कर्मचारियों ने मुख्यमंत्री को भेजा पोस्ट कार्ड

राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन में एक अप्रेल-2025 से नई नीति लागू की गई है। इसको लेकर संविदा स्वास्थ्य कर्मचारी लामबंद गए। नई नीति में सुविधाओं में कटौती कर दी गई है। इसको लेकर संविदा स्वास्थ्य कर्मचारी संगठन मध्य प्रदेश के आह्वान पर लामबंद हो गए हैं। बीस साल से प्रदेश में 32000 कर्मचारी कार्यरत है। अनिश्चित कालीन हड़ताल के दूसरे दिन बुधवार को मेडिकल काॅलेज परिसर में टेंट लगाकर प्रदर्शन शुरू कर दिया है। लामबंद कर्मचारियों ने मुख्यमंत्री को मांगों को लेकर पोस्ट कार्ड लिखा है।

अभी करो अर्जेंट करो हमको परमानेंट करो का लगाए नारे

संविदा कर्मचारियों ने प्रदर्शन के दौरान नारे लगाए कि अभी करो अर्जेंट करो हमको को परमानेंट करो आदि नारे लगाते हुए कहा कि मांगे पूरी होने के बाद ही सेवाएं देंगे। प्रदर्शन स्थल पर कई महिला स्वास्थ्य कर्मचारी अपने मासूम बच्चों को लेकर शामिल हुई। इस दौरान संगठन के पदाधिकारियों ने कहा कि जिले में राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन के तहत 700 से अधिक कर्मचारी पदस्थ हैं। ग्रामीण क्षेत्र में एनसीडी केंद्र पूरी तरह ठप है। कहीं भी जांच नहीं हो रही है। टीकाकरण गर्भवती महिलाओं का पंजीयन आदि कार्य प्रभावित होने की बात कही है।

सीएमएचओ बोले, स्वास्थ्य सुविधाएं प्रभावित नहीं

संविदा स्वास्थ्य कर्मचारियों के अनिश्चित कालीन हड़ताल से स्वास्थ्य सेवाएं प्रभावित नहीं है। यह दावा सीएमएचओ डॉ जुगतावत का है। उन्होंने कहा कि जिला मुख्यालय पर कर्मचारी कार्य कर रहे हैं। ग्रामीण क्षेत्र में भी स्वास्थ्य सुविधाएं प्रभावित नहीं है। सभी केंद्रों पर जांच चल रही है। जिला अस्पताल में केंद्रों पर जांच की जा रही है। केंद्रों पर डॉक्टर, एएनएम आदि की ड्यूटी लगाई गई है।

आठ बिंदुओं की रखी मांग

-विभाग में रिक्त पदों पर 50 % पद संविदा से संविलियन कर नियमित किया जाए। अनुबंध प्रथा को पूरी तरह समाप्त नहीं किया गया। सेवानिवृत्त की आयु में 65 वर्ष आयु से घटाकर 62 वर्ष किया गया है। एनपीएस, ग्रेच्युटी, स्वास्थ्य बीमा, डीए की सुविधा से वंचित रखा गया। शासन की ओर से समकक्ष वेतन विसंगति का निर्धारण गलत तरीके से किया गया।

Published on:
24 Apr 2025 11:44 am
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