कोलकाता

जेल में 40 साल तक बंद रहने के बाद कोर्ट के आदेश से रिहा हुआ नेपाली नागरिक

- कलकत्ता हाईकोर्ट
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Updated: 19 Mar 2021, 7:56 AM IST
जेल में 40 साल तक बंद रहने के बाद कोर्ट के आदेश से रिहा हुआ नेपाली नागरिक
जेल में 40 साल तक बंद रहने के बाद कोर्ट के आदेश से रिहा हुआ नेपाली नागरिक

कोलकाता

कलकत्ता हाईकोर्ट ने यहां एक जेल में विचाराधीन कैदी के रूप में 40 साल से बंद एक नेपाली नागरिक को रिहा करने का बुधवार को आदेश दिया। उक्त व्यक्ति पर दार्जिलिंग जिले में हुई हत्या के एक मामले में मुकदमा चल रहा था।दीपक जाइशी को एक व्यक्ति की हत्या के मामले में 1981 में गिरफ्तार कर दमदम जेल में रखा गया था और अब उसकी उम्र 70 साल हो चुकी है। जाइशी के परिजनों को उसके बारे में कोई जानकारी नहीं थी और जब उन्हें उसके कोलकाता की जेल में बंद होने का पता चला तब उन्होंने नेपाल सरकार से संपर्क किया।जाइशी के जेल में होने से संबंधित खबरों का संज्ञान लेते हुए कलकत्ता हाईकोर्ट के मुख्य न्यायाधीश ने एक वकील से याचिका दायर करने को कहा। जाइशी को रिहा करने के लिए साल की शुरुआत में याचिका दायर की गई थी। राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण के वकील जयंत नारायण चटर्जी ने कहा कि जाइशी अपना मानसिक संतुलन खो बैठा है और उसे नेपाल स्थित अपने घर की याद नहीं है।

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19 Mar 2021, 7:56 AM IST
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