Sucide in Chhattisgarh: मेडिकल कॉलेज में इलाज के बाद जब वह वापस लौट रहे थे। उसी वक्त पुराना पुल के पास पर अमृता पहुंची वहां बाइक से अचानक इंद्रावती नदी में छलांग दी। बारिश की वजह से नदी में पानी और बहाव अधिक था।
कोंडागांव. Sucide in Chhattisgarh: इंद्रावती नदी के छोटा पुल के पास बुधवार की शाम उस वक्त अफरा-तफरी मच गई जब बाइक में जा रही एक युवती ने इंद्रावती में छलांग लगा दी। घटना के बाद युवती को बचाने यहां तैनात गोताखोरों ने नदी में छलांग लगाई, जिसके बाद 15 मिनट की मशक्कत के बाद जान में खेलकर इन्होंने युवती को बचा लिया।
पूछताछ में पता चला कि युवती का नाम अमृता है और वह कोंडागाव के फरसगांव के कोपरागांव निवासी है। पिछले कुछ दिनों से अमृता की मानसिक स्थिति ठीक नहीं है इसलिए ही उसका भाई गोपाल मरकाम अपनी बहन के साथ अमृता के इलाज के लिए पहुंचे थे।
कोतवाली थाना प्रभारी धनंजय सिन्हा ने बताया की अमृता मरकाम की दिमागी स्थिति पिछले कुछ खराब चल रही थी। इसलिए कोंडागांव जिले के फरसगांव के कोपरागांव से गोपाल मरकाम अपनी दोनों बहेनों को मोटरसाइकिल से जगदलपुर लेकर आया हुआ था।
मेडिकल कॉलेज में इलाज के बाद जब वह वापस लौट रहे थे। उसी वक्त पुराना पुल के पास पर अमृता पहुंची वहां बाइक से अचानक इंद्रावती नदी में छलांग दी। बारिश की वजह से नदी में पानी और बहाव अधिक था। अमृता को बहते देख यहां तैनात गोताखोरों ने नदी में छलांग लगाई और करीब 15 मिनट की मशक्कत के बाद अमृता को नदी के किनारे लाया।
तुरंत युवती को अस्पताल ले जाया गया। जहां उसकी हालत खतरे से बाहर बताने के बाद उसे घर के लिए भेज दिया गया। घटना के बाद जब टीआई ने भाई से बात की तो उसने अमृता की मानसिक स्थिति के बारे में बताया और उसके इलाज से सबंधित दस्तावेज दिखाए।
जिसके बाद इन तीनों को गांव के लिए रवाना कर दिया गया। गौरतलब है कि बस्तर में हुए लगातार बारिश की वजह से इंद्रावती नदी पुरे उफान पर है बावजूद इसके जाबांज युवको ने अपनी जान की बाजी लगाकर युवती को काफी मशक्कत के बाद सही सलामत बचा लिया।