
कोरबा. 15 नवम्बर 2017 के पूर्व स्मार्ट कार्ड के लिए आवेदन करने वाले परिवारों को दो अंतिम दिन की मोहलत दी गई थी। शिविर का आयोजन रानी धनराज कुंवर देवी प्राथमिक स्वास्थ्य केन्द्र कोरबा (धर्म अस्पताल) में किया जा गया था। जहां अंतिम दो दिन में महज १२१ परिवरों ने ही स्मार्ट कार्ड के पंजीयन करवाया है। हालांकि पाली सीएचसी अभी भी शिविर लगातर स्मार्ट कार्ड बनाने का काम जारी है।
जिले के सभी विकासखंड और नगरीय निकायों में २३ मार्च से आयोजित शिविरों के सूची में नाम होने के बाद भी जो हितग्राही स्मार्ट कार्ड नहीं बनवा पाए हैं। ऐसे पात्र परिवारों के पास स्वास्थ्य बीमा के तहत स्मार्ट कार्ड बनावाने के लिए धर्म अस्पताल में शिविर लगाया गया था।
कुल 34 आवेदन डुप्लीकेट आवेदनों की भरमार
स्मार्ट कार्ड के लिए लोक सुराज व डोर टू डोर सर्व के पश्चात स्वास्थ्य विभाग को कुल ३४ हजार आवेदन प्राप्त हुए थे। विभाग इसमें करीब २० हजार लोगों के स्मार्ट कार्ड बनाने में सफलता पाई है, जबकि शेष १४ हजार शिविरों तक स्मार्ट कार्ड बनवाने पहुंचे ही नहीं। विभाग का एक तर्कयह भी है। पूर्व में बिना आधार नंबर के आवेदन स्वीकार किए गए थे। जिसके कारण एक ही परिवार के कई सदस्यों से स्मार्ट कार्ड के लिए आवेदन कर दिया था। डुप्लीकेट आवेदनों की संख्या अधिक होने के कारण भी लोग पंजीयन के लिए शिविर में नहीं पहुंचे हैं।
15 जुलाई के बाद पूरी तरह से बंद
नगर निगम के क्षेत्र के ५०३५, कोरबा ब्लॉक के २०८४, कटघोरा के १५६६, पोडीउपरोडा के १७३८ एवं करतला के १०६९ परिवार अब स्मार्ट कार्ड प्राप्त नहीं कर सके हैं। इनके लिए १५ जुलाई तक शिविरों का आयोजन किया जाता रहेगा। इसके बाद शिविर नहीं लगाए जाएंगे। शिविरों के तिथि और स्थान की जानकारी भी जल्द दी जाएगी। हितग्राही टोल फ्री न. १०४ से अपना फैमिली आईडी नम्बर लेकर स्मार्ट कार्ड पंजीयन कराकर स्मार्टकार्ड प्राप्त कर सकते है। इस शिविर के बाद किसी भी छूटे हितग्राही का स्मार्ट कार्ड नही बनाया जा सकेगा।
दो व तीन जुलाई आयोजित शिविर में १२१ लोगों ने ही पंजीयन कराया है। डुप्लीकेट आवेदनों की संख्या अधिक है।
-शिव राठौर, डिस्ट्रिक्ट कंसल्टेंंट, स्मार्ट कार्ड