कोरबा

CG Public Opinion : पानी की समस्या से इस वार्ड के लोग परेशान, हर रोज बनती है सिर फुटौवल की स्थिति

- पानी की समस्याओं से जूझ रहे हैं वार्डवासी, छोटे-बड़े कार्यों के लिए लोगों को पड़ रहा भटकना

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Jun 06, 2018
पानी की समस्या से इस वार्ड के लोग परेशान, हर रोज बनती है सिर फुटौवल की स्थिति

कोरबा. वार्ड क्रमांक 60 के रेल्वे बस्ती, इमलीछापर, गेवरा बस्ती, धरमपुर में पानी की समस्या उत्पन्न हो गई है। वार्ड के पार्षद की एसईसीएल में नौकरी लगने के बाद यह वार्ड पार्षद विहीन है। इसके कारण वार्ड के लोगों को सरकारी योजनाओं का लाभ भी नहीं मिल पा रहा है। छोटे-बड़े कार्यों के लिए लोगों को यहां-वहां भटकना पड़ता है।

नगर निगम अन्तर्गत इस वार्ड में समस्याओं का अंबार लगा गया है पर कोई भी सुध लेने वाला नहीं है। यहां की सबसे बड़ी समस्या पानी है जिसकी सप्लाई बहुत ही कम रूप में कई जा रही है स्थिति ऐसी है कि लोग गंदे नाली में उतर कर पानी भरने को मजबूर है। वे पानी के लिए सुबह से ही लाइन में लग जाते हैं और इसके बावजूद उन्हें जरूरत भर का पानी मिल ही जाएगा, पक्का नहीं है। यही पानी वे पीने और अन्य कार्यों के लिए उपयोग करते हैं।

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पूरे मोहल्ले में लगभग 150 घर हैं जहां जल आपूर्ति केवल दो बोरवेल से किया जाता है गर्मी के दिनों में अक्सर जल स्तर नीचे आ जाता है। पानी भरने में ही लोगों को घंटो लग जाते है। बार-बार शिकायतों के बाद भी निगम प्रशासन का रवैया उदासीन है जिसके कारण क्षेत्रवासियों में भारी रोष है। समस्या के मद्देनजर निगम को जल आपूर्ति को समुचित रुप से बहाल किया जाना चाहिए।

इसी तरह वार्ड क्र. 11 लक्ष्मणबन मोहल्लावासियों को पानी की समस्या से जूझना पड़ रहा है। दो साल से घर के नलों तक पानी नहीं पहुंच रहा है। सार्वजनिक नल टूटे हुए हैं। नल नाली से सटी हुई है। पानी भरने के लिए लोगों को नाली में बर्तन रखकर पानी भरना पड़ता है। इससे बीमारी का खतरा बना हुआ है।

नगर निगम अंतर्गत वार्ड 11 के लक्ष्मणबन मोहल्ला में घर में नल लगाए गए हंै, लेकिन नलों में पानी नहीं पहुंच रहा है। मजबूरन लोग सार्वजनिक नलों से भरते है। ये नल भी लगभग दो साल से टूटे हुए हंै। उसकी ऊंचाई भी कम हो गयी है। नल गंदी नाली से सटी हुई है। महिलाएं स्वच्छता को दरकिनार कर गंदी नाली में बर्तन रखकर पानी भर रहीं है। ऐसे में नाली के सूक्ष्म कीटाणु पीने के पानी में जाने की संभावना रहती है। वहीं गंभीर बीमारी की जद में आने का खतरा बना हुआ है। लोगों का कहना है कि यदि इस ओर ध्यान नहीं दिया गया तो बरसात में समस्या और भी गंभीर हो जाएगी।

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Published on:
06 Jun 2018 10:57 am
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