टॉपिक ऑफ द डे में आरसेटी के निदेशक ए बरवा ने दी जानकारी
कोरबा . ऊर्जाधानी के युवाओं और महिलाओं को प्रशिक्षण देकर स्वरोजगार के लिए प्रेरित कर उन्हें आत्म निर्भर बनाने के लिए विभिन्न प्रकार के 65 प्रशिक्षण कार्यक्रम संचालित किए जा रहे हैं। महिलाएं ब्यूटी पार्लर व कटिंग-टेलरिंग में रुचि दिखा रहे हैं तो किसान भी मुर्गी व बकरी पालन के लिए टे्रनिंग ले रहे हैं। प्रशिक्षण प्राप्त करने वाले युवाओं को बैंक से ऋण दिलाने का भी प्रयास किया जाता है।
यह कहना है कि कोरबा में संचालित भारतीय स्टेट बैंक के ग्रामीण स्वरोजगार प्रशिक्षण संस्थान (आरसेटी) के निदेश अन्द्रेयस बरवा का। वे गुरुवार को कोरबा पत्रिका के टॉपिक ऑफ द डे में हिस्सा लेने के लिए पत्रिका कार्यालय पहुंचे थे। उन्होंने बताया कि एसबीआई द्वारा इस प्रकार के 11 प्रशिक्षण संस्थान पूरे छत्तीसगढ़ में संचालित किए जा रहे हैं। कोरबा में यह संस्थान वर्ष 2009 से है और अब तक संस्थन 3253 युवाओं,
महिलाओं व किसानों को अलग-अलग प्रकार के व्यवसाय के प्रशिक्षण कार्यक्रम में प्रशिक्षित कर चुका है। इनमें से 975 लोग स्वरोजगार करके आत्म निर्भर बन चुके हैं जबकि 600 से अधिक लोगों ने बैंक से ऋण लेकर अपना कार्य कर रहे हैं। प्रशिक्षण प्राप्त करने के बाद बैंकों से ऋण प्राप्त करने में युवाओं को हो रही परेशानी के सवाल पर बरवा ने कहा कि परेशानी दूर की जाती है। जिला स्तर पर बैंकों की परामर्शदात्री समिति की बैठक होती है और कलेक्टर के इसके अध्यक्ष हैं। बैठक में ऋण से जुड़ी समस्याएं दूर की जाती हैं।
ऊर्जाधानी में किस प्रकार के प्रशिक्ष? रोजगार र के अवसर बढ़ाते हैं ? इस सवाल पर निदेशक बरवा ने कहा कि युवाओं को कम्प्यूटर से तथा महिलाओं को ब्यूटीपार्लर व कटिंग-टेलरिंग से अधिक रोजगार मिल रहा है। इन प्रशिक्षण कार्यक्रम की मांग भी अधिक है। यहां अगरबत्ती निर्माण , अचार-पापड़ व मसाला पाउडर, फ्रिज रिपेयरिंग, फोटो फ्रेमिंग, लेमिनेशन व स्क्रीन,कम्प्यूटराइज्ड एकाउंटिंग, मोबाइल रिपेयरिंग, मधुमक्खी पालन आदि की भी ट्रेनिं दी जाती है ।
65 प्रशिक्षण कार्यकम संचालित
संस्थान में दो दर्जन से अधिक प्रशिक्षण कार्यक्रम संचालित किए जाते हैं। लेकिन किसी अन्य में भी अगर 20 अभ्यर्थी हैं तो उस कोर्स की ट्रेनिंग दी जाएगी। यह प्रशिक्षण दस दिन लेकर 45 दिन का होता है। यह कार्यक्रम पूरी तरह से आवासीय और नि:शुल्क हैं लेकिन न्यूनतम शैक्षिक योग्यता निर्धारित है। इसमें ग्रामीण बीपीएल परिवार के युवक-युवतियां पात्रता के अनुसार संस्थान कार्यालय तहसील ऑफिस के निकट कोरबा में संपर्क कर सकते हैं। संस्थान में परिचयपत्र, आधार कार्ड की छाया प्रति, अंकसूची की छाया प्रति,बीपीएल कार्ड की छाया प्रति जिसमें प्रशिक्षणार्थी का नाम हो एवं पांच पासपोर्ट फोटोके साथ संस्थान में पंजीयन कराया जा सकता है।