कोटा

रिश्वत का आरोप झेल रहे पूर्व यूआईटी अध्यक्ष रामकुमार मेहता को लेकर आई बड़ी खबर..

मेहता से नहीं हुई रिकवरी, गिरोह के तार भी नहीं जोड़ पाई बूंदी एसीबी  
less than 1 minute read
Feb 19, 2019
kota news
रिश्वत का आरोप झेल रहे पूर्व यूआईटी अध्यक्ष रामकुमार मेहता को लेकर आई बड़ी खबर..

व कर्मचारियों से दूर एसीबी

कोटा. पूर्व यूआईटी अध्यक्ष रामकुमार मेहता से बूंदी एसीबी चार दिन की रिमांड अवधि के बावजूद रुपयों की रिकवरी नहीं कर सकी। साथ ही एसीबी मेहता से जुड़े यूआईटी के अधिकारियों व कर्मचारियों के गिरोह व नगरीय विकास विभाग में मिलीभगत के अपने ही तत्थों के मामले में भी आगे नहीं बढ़ पाई।

कोटा एसीबी की ओर से पूर्व यूआईटी अध्यक्ष रामकुमार मेहता, दलाल कंवलजीत सिंह व प्रोपर्टी व्यवसायी व दलाल महेश मेघानी को सर्विलांस सिस्टम पर लिया था। जिसमें कॉल रिकार्डिंग में एसीबी के सामने नांता की भूमि के मामले में 20 लाख रुपए के सौदे की बात सामने आई थी। इस मामले में एसीबी ने मुख्य आरोपी मेहता की गिरफ्तार के बाद 16 जनवरी को एसीबी न्यायालय से उसे रिमांड पर लिया था। इसके बाद एसीबी ने बूंदी में आरोपी मेहता से पूछताछ की, लेकिन बावजूद इसके एसीबी न तो उससे पांच लाख रुपए की राशि में से कोई राशि बरामद नहीं कर सकी। एसीबी के अधिकारी मामले में जुड़े यूआईटी के अन्य अधिकारियों व कर्मचारियों तक भी नहीं पहुंच सके।

इस मामले में सर्विलांस सिस्टम से यूआईटी अध्यक्ष रामकुमार मेहता के खिलाफ पद के दुरुपयोग का मामला था। रिमांड अवधि में उससे 5 लाख रुपए की राशि बरामद की जानी थी। जो नहीं हो सकी है। इसके अलावा अन्य अधिकारियों व कर्मचारियों के बारे में कुछ नया नहीं निकला। मामले में जांच की जा रही है।
तरूण कांत सोमानी,

जांच अधिकारी व उप अधीक्षक, एसीबी, बूंदी।

Published on:
19 Feb 2019 11:11 pm