
ACB Action: भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो (एसीबी) की कोटा टीम ने भीलवाड़ा जिले की कोटड़ी पंचायत समिति के ब्लॉक डवलपमेंट ऑफिसर (बीडीओ) रामविलास मीणा को डेढ़ लाख रुपए से अधिक की नकदी के साथ पकड़ा है। मीणा मूलरूप से कोटा के नयागांव आवंली रोजड़ी क्षेत्र का निवासी है। राज्य सरकार ने उन्हें हाल ही में पदस्थापना की प्रतीक्षा सूची में रखा था। मंगलवार को मीणा कोटड़ी से रिलीव होकर कोटा लौट रहे थे, तभी एसीबी ने कार्रवाई करते हुए उनकी कार को रोककर तलाशी ली।
एसीबी के अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक विजय स्वर्णकार ने बताया कि एसीबी को मुखबिर से सूचना मिली कि मीणा ने रिलीव होने से पहले बैक-डेट में ठेकेदारों के लाखों रुपए के बिल पास किए और इसके बदले में कमीशन लिया है।
सूचना के आधार पर एसीबी के डीएसपी अनीस अहमद के नेतृत्व में टीम ने मंगलवार रात कोटा में नेशनल हाईवे-27 पर हैंगिंग ब्रिज के पास नाकाबंदी कर उनकी कार को रोक लिया। टीम ने जब उनकी कार की तलाशी ली तो उसमें से 1 लाख 55 हजार 275 रुपए नकद बरामद हुए।
एसीबी अधिकारियों ने मौके पर ही उनसे इस राशि के बारे में पूछताछ की, लेकिन वे संतोषजनक जवाब नहीं दे सके। स्वर्णकार ने बताया कि बरामद नकदी को एसीबी टीम ने जब्त कर लिया है। प्रारंभिक पूछताछ के बाद मीणा को छोड़ दिया गया है, लेकिन मामले की जांच जारी है। एसीबी अब यह पता लगाने का प्रयास कर रही है कि यह राशि ठेकेदारों से कमीशन के रूप में ली गई थी या नहीं। साथ ही बिल पास करने और संभावित भ्रष्टाचार से जुड़े पहलुओं की भी विस्तृत जांच की जा रही है।
एडिशनल एसपी ने बताया कि बीडीओ से प्रारंभिक पूछताछ में सामने आया कि जैसे ही मीणा को एपीओ होने की जानकारी मिली, तो रातभर कार्यालय में बैठकर पेंडिंग काम को निपटाया। इसके बाद शाम को कोटडी से कोटा के लिए रवाना हुआ।