
भीलवाड़ा के मांडलगढ़ उपखण्ड अधिकारी एवं तहसीलदार ने परिवादी से 50 हजार रुपए रिश्वत मांगी। लेकिन परिवादी ने एसीबी में शिकायत कर दी। एसीबी द्वारा ट्रेप की कार्रवाई की भनक भ्रष्ट दबंग आरोपी अधिकारियों को लगी तो उन्होंने मौके पर ही परिवादी से मारपीट कर दी। उसका मोबाइल छीन लिया। इस कारण एसीबी आरोपियों को रंगे हाथ गिरफ्तार नहीं कर पाई। ट्रेप की कार्रवाई नहीं हो सकी। आरोपियों के खिलाफ मारपीट का मुकदमा स्थानीय थाने में दर्ज करवाने की कार्रवाई की जा रही है। वहीं एसीबी रिश्वत मांगने का प्रकरण दर्ज कर अनुसंधान करेगी।
एसीबी के अतिरिक्त महानिदेशक हेमन्त प्रियदर्शी (कार्यवाहक महानिदेशक) के अनुसार परिवादी ने एसीबी कोटा शहर इकाई को शिकायत दी थी कि न्यायालय उपखण्ड अधिकारी, मांडलगढ़ में लम्बित राजस्व वाद में अस्थाई निषेधाज्ञा को स्थाई करवाने की एवज में उपखण्ड अधिकारी महेश गगोरिया द्वारा तहसीलदार राहुल धाकड़ के माध्यम से 50 हजार रुपए रिश्वत राशि मांगी जा रही है। इस शिकायत पर एसीबी कोटा के उप महानिरीक्षक कल्याणमल मीणा के सुपरविजन में अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक विजय स्वर्णकार के नेतृत्व में शिकायत का सत्यापन किया और सोमवार को पुलिस निरीक्षक देशराज गुर्जर मय टीम के मांडलगढ़ में ट्रेप की कार्रवाई की।
लेकिन कार्रवाई की भनक लगने पर राजसमंद शास्त्री नगर निवासी हॉल उपखण्ड अधिकारी आरोपी महेश गगोरिया एवं तहसीलदार राहुल धाकड़ ने परिवादी से मारपीट की तथा उसका मोबाइल छीन लिया। आरोपियों ने एसीबी टीम के अधिकारी व कर्मचारियों के साथ अभद्रता की। इस सम्बंध में स्थानीय थाने में राजकार्य में बाधा का प्रकरण दर्ज करवाया गया है। अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक विजय स्वर्णकार ने बताया कि आरोपियों के विरुद्ध रिश्वत मांग का प्रकरण दर्ज कर अनुसंधान किया जाएगा।