
कोटा. अनंत चतुर्दशी शोभायात्रा में रविवार को अखाड़े ही नहीं नेता भी दम दिखाएंगे। आने वाले दो तीन महीनों में विधानसभा चुनाव होने है और चुनाव से पहले यह बडा आयोजन है, जिसमें जनता के सामने अपना चेहरा दिखाने का उन्हें मौका मिल रहा है। चेहरा दिखाने वालों में दोनों ही पार्टियों के बड़े नेताओं के साथ अलग-अलग सीटों के दावेदार भी शामिल हैं। उन्होंने भी अपनी और से कोई कसर नहीं छोड़ी है। मौसम का मिजाज भले ही ठंडा हो,लेकिन राजनीतिक पारा तेजी से चढ़ रहा है। शनिवार को ही भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष अमित शाह कोटा से लौटे हैं। उनके यात्रा का विश्लेषण भी शोभायात्रा के दौरान चर्चा का एक बड़ा मुद्दा रहा।
वैसे यह सिलसिला हर साल चलता है। जगह जगह तलवार चलाते नेता नजर आ ही जाते हैं। बुजुर्ग नेताओं, जिन्हें चलने में भी तकलीफ होती हो, उन्हें भी अखाड़ो के साथ जोर आजमाइश करते शहर के लोगों ने कई बार देखा है। इस बार भी तैयारी पूरी है। विभिन्न राजनीतिक दलों के नेताओं की ओर से जगह तय हो चुकी है। उनकी ओर से अलग अलग स्थानों पर स्वागत द्वार, विशाल बैनर और प्रचार सामग्री लगाई जा चुकी है। शोभा यात्रा के स्वागत के इंतजाम हो चुके है।
कार्यकर्ताओं को संदेश भेजे जा चुके है। वे समय पर मौके पर पहुंचे। इसमें सबसे अधिक धूमधाम नजर आएगी कैथूनीपोल थाने के पास। यहां सबसे बड़े नेताओं का जमावडा रहेगा। रामपुरा में भी कांग्रेस और भाजपा के नेताओं की तैयारी नजर आ रही है। रामपुरा के बाद से ही शोभायात्रा की रफ्तार तेज हो जाती है। इसके बाद स्वागत का अवसर नहीं मिल पाता है।
वहीं कुछ शोभा यात्रा के इतर अपने विधानसभा क्षेत्र में भी तैयारी में जुटे हैं। कोटा में महावीर नगर, तीन बत्ती सर्किल स्टेशन से भी बडी शोभा यात्रा निकलती हैं। इनमें कुछ शोभा यात्राएं विसर्जन के लिए भीतरिया कुंड, मोजीबाबा की गुफा और गोविंदधाम में विसर्जन के लिए पहुंचती है।
जुलूस पर एक नजर
अनन्त चतुर्दशी महोत्सव के मौके पर शहरभर में निकाले जा रहे जुलूस में 145 झांकियां, 70 अखाड़े, 75 स्वागत द्वार 6 डांडिया व 10 भजन मंडलियां शामिल रही।