8 बीघा की जगह 26 बीघा में भरेगा मेला
कोटा। दशहरा मैदान को प्रगति मैदान के रूप में विकसित करने के दूसरे और तीसरे चरण के कार्यों के नक्शे में बदलाव होगा। मौजूदा पशु मेले की जगह पर आधुनिक बाजार बनाए जाएंगे और बाकी जगह को खुला रखा जाएगा। ताकि शहर में होने वाले बड़े आयोजन यहां हो सके।
सांसद ओम बिरला ने गुरुवार शाम को महापौर महेश विजय, आयुक्त डा. विक्रम जिंदल, दशहरा मैदान की कन्सल्टेंस कम्पनी के प्रतिनिधियों तथा स्मार्ट सिटी कम्पनी के अधिकारियों के साथ दशहरा मैदान का दौराकर दूसरे और चरण चरण में होने वाले कार्यों के बारे में जानकारी ली। उन्होंने कम्पनी के प्रतिनिधियों से मौके पर जाना की कहां क्या बनना है। उन्होंने स्पष्ट कहा कि दूसरे चरण में पार्क नहीं बनेगा, क्योंकि यहां से चार कदम दूर चम्बल गार्डन और हाड़ौती उद्यान है। यहां एक लाख से अधिक लोगों की क्षमता का खुला परिसर रखें, ताकि शहर में होने वाले सामूहिक विवाह सम्मेलन और अन्य आयोजन हो सके। श्रीराम रंगमंच के ऑडिटोरियम को भी कवर्ड करने को कहा। उन्होंने कहा कि जो कुछ कमियां है, उन्हें चर्चा कर दूर करें। १२५ वां राष्ट्रीय दशहरा मेला नए स्वरूप में भरना चाहिए।
दशहरा मेले से पहले तैयार होगा मैदान
बिरला ने आयुक्त ने प्रथम फेज के कार्यों की भी जानकारी ली। उन्होंने कहा कि हर हाल में दशहरा मेले से पहले प्रथम चरण का काम पूर्ण हो जाना चाहिए। पशु मेले की जगह समतल हो जाए और बाउण्ड्रीवॉल आदि का काम पूर्ण करें। निर्माण कार्य करने वाली फर्म के मनोज अग्रवाल को भी पाबंद किया कि मेले से पहले यह काम पूर्ण होने चाहिए। आयुक्त ने आश्वस्त किया कि इसमें कोई दिक्कत नहीं आएगी। पिछले साल मेला 18 बीघा में भरा था, इस बार मैदान तैयार हो जाएगा और इस बार 26 बीघा में मेला भरेगा।
कुण्ड नहीं चाहिए
कन्सल्टेंसी कम्पनी के प्रतिनिधि ने बताया कि फेज दो क्लब हाउस, आधुनिक स्विंगपूल, ग्रीन स्पेश आदि बनाएंगे। इस पर बिरला ने कहा कि यहां कुण्ड की जरूरत नहीं है। मॉर्डन दुकानें बनाएं ताकि सालभर ही एक्जीबिशन व मेले चलते रहे। इससे निगम को भी आय होगी।
बदलते है भूखण्ड बेचने का निर्णय
आयुक्त ने बताया कि दशहरा मैदान में सात आवासीय और तीन व्यावासयिक भूखण्ड बेचा जाना प्रस्तावित है। यदि जनप्रतिनधि चाहते है कि यह भूखण्ड नहीं बेचे जाए तो निगम अपना निर्णय बदल लेगा। नाले के पास के बेचने जाने वाले तीन भूखण्ड वह है, जो किसी भी दशहरा मेले का हिस्सा ही नहीं रहा है।
कुत्ताखाना के 161 मकान शिफ्ट होंगे
दशहरा मैदान में कुत्ताखाना के 161 मकान शिफ्ट किए जाएंगे। आयुक्त ने बताया कि इस बारे में नगर विकास न्यास से चर्चा चल रही है।