
अन्ता. कस्बे में गुरुवार शाम पुलिस जवानों द्वारा केसरिया झंड़े उतारने से माहौल गर्मा गया। विरोध के बाद पुलिस जवानों को मौके से हटा दिया गया। एक दिसम्बर को अन्ता में उत्तरप्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की आमसभा होनी है। इसी के चलते भाजपा सहित हिन्दूवादी संगठन के कार्यकर्ता कोटा-बारां मार्ग पर केसरिया झंडे लगा रहे थे। इसी बीच किसी ने निर्वाचन अधिकारी अन्ता को फोन कर शिकायत की। इसके बाद पुलिस जाब्ते ने पहुंचकर झंडे हटाने शुरू कर दिए। इस पर कई युवकों ने आक्रोशित होकर कहा कि केसरिया झंडा किसी पार्टी का नहीं, हिन्दू संस्कृति का प्रतीक है। भीड़ एकत्रित होने से माहौल गर्मा गया। बाद में भाजपा के पदाधिकारियों ने निर्वाचन अधिकारी से बात कर केसरिया झंडे उतारने की कार्रवाई रोकने को कहा तो उन्होंने सहमति जताकर पुलिस जवानों को वापस बुला लिया।
सांगोद में भाजपा कार्यकताओं का थाने पर प्रदर्शन
सांगोद. विनोदकलां गांव में भाजपा कार्यकर्ता के साथ मारपीट करने व धमकाने का कुछ कांग्रेस कार्यकर्ताओं पर आरोप लगाते हुए दोषियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग को लेकर गुरुवार को भाजपा कार्यकर्ताओं ने पार्टी प्रत्याशी के साथ करीब पौन घंटे तक सांगोद थाने पर प्रदर्शन किया। बाद में दोषियों के खिलाफ कार्रवाई के आश्वासन व पीडि़त की रिपोर्ट लेने पर मामला शांत हुआ। पीडि़त ने इस मामले में कांग्रेस के तीन कार्यकर्ताओं के खिलाफ नामजद थाने में रिपोर्ट दी।
पीडि़त रमेश नायक ने पुलिस को दी रिपोर्ट में बताया कि उसके घर के सामने दोनों राजनीतिक दलों के बैनर व बंदनवार बंधे हुए थे। ये बुधवार रात अज्ञात वाहन से टूट गए। इस बात को लेकर कांग्रेस कार्यकर्ता हरिओम मीणा, शिवा मीणा व बालकिशन मीणा सुबह घर पहुंचे और झगड़े पर आमादा हो गए। विरोध करने पर उन्होंने घर में घुसकर मारपीट की। बचाव में आए परिजनों को भी पीटा। इसके बाद फिर घर आकर धमकाया।
फिर पहुंचे थाने, दी शिकायत
थाने पहुंचे भाजपा प्रत्याशी ने आरोप लगाया कि धमकी के चलते रमेश व उसका पूरा परिवार दिन भर घर में कैद रहा। शाम को सूचना मिली तो उन्होंने स्वयं कार्यकर्ता के घर पहुंचकर उसे बाहर निकाला और सांय करीब सवा सात बजे थाने लेकर पहुंचे। सूचना के बाद यहां बड़ी संख्या में पार्टी कार्यकर्ता एकत्रित हो गए तथा प्रदर्शन करने लगे। पुलिस उपअधीक्षक जसवीर मीणा व थानाधिकारी महेन्द्र मीणा ने मौके पर पहुंचकर कार्यकर्ताओं को समझाया तथा पीडि़त कार्यकर्ता की शिकायत ली। इसके बाद कार्यकर्ता लौट गए। इस शिकायत पर पुलिस जांच कर कार्रवाई करेगी।