कोटा. मोईकलां. पिछले चार माह से एक लाचार पिता अपनी नाबालिग बेटी की तलाश में दिनरात से जुटा है।
कोटा . मोईकलां.
पिछले चार माह से एक लाचार पिता अपनी नाबालिग बेटी की तलाश में दिनरात से जुटा है। उसने अपने स्तर पर तो तलाश की ही। साथ ही बेटी की तलाश के लिए थाना प्रभारी से लेकर राज्यपाल तक गुहार लगाई। इसके बाद भी उसे अभी तक कोई उम्मीद की किरण नजर नहीं आ रही है।
जानकारी के अनुसार खडिय़ा गांव निवासी दिनेश शर्मा ने मंगलवार को परिवार के सभी सदस्यों के साथ मोईकलां पहुंचे। उन्होंने बताया कि उनकी बेटी श्यामा शर्मा 8 नवम्बर 2017 को शाम साढ़े पांच बजे बिना किसी को कुछ बताए घर से चली गई। बेटी के लापता होने के मात्र 20 मिनट बाद बपावर थाने पहुंचकर उसने रिपोर्ट दर्ज कराई थी। रिपोर्ट में आशंका जताई थी कि राकेश पुत्र देवलाल निवासी पीपल्दा उसकी बेटी को बहला-फुसलाकर भगाकर ले गया। दिनेश की रिपोर्ट पर पुलिस ने 145 बटा 2017 पर मामला भी दर्ज कर लिया।
पिता दिनेश का कहना है कि बेटी की तलाश करने को लेकर बपावर थाना प्रभारी को कई बार आग्रह कर चुका हूं। साथ ही प्रधानमंत्री, राज्यपाल, मुख्यमंत्री, जिला कलक्टर, जिला पुलिस अधीक्षक व जनप्रतिनिधियों को लिखित में अवगत करवा चुके हैं। प्रधानमंत्री कार्यालय से तो राज्य के मुख्य सचिव को पत्र भी मिला है जिसमें आवश्यक कार्रवाई की बात कही गई है।
घर में नहीं बचे रुपए
लापता बेटी के पिता ने बताया कि इस चार माह की अवधि के दरम्यान लगभग 50 हजार से अधिक रुपए बेटी की तलाश में खर्च कर चुके हैं। अब घर में पैसा नहीं बचा तो बेटी की तलाश कैसे करें। मुख्य बस स्टैण्ड पर लाचार पिता ने बताया कि जल्द ही पुलिस ने उसकी बेटी को नहीं तलाश किया तो मजबूरन परिवार के सभी सदस्यों के साथ बपावर थाने के सामने धरना देंगे।
लड़की की तलाश जारी है
कोटा ग्रामीण एसपी डॉ. राजीव पचार का कहना है कि पुलिस ने अपनी तरफ से लड़की की तलाश में कोई कमी नहीं रखी। समय-समय पर मैंने भी इस मामले की जानकारी ली है। आईटी एक्सपर्ट के माध्यम से भी पुलिस ने अपने स्तर पर भरसक प्रयास किए। लड़की के पिता कोई जानकारी उपलब्ध करवाते हैं तो बिना किसी विलम्ब के विशेष टीम बनाकर तुरंत रवाना कर दूंगा। आज भी बपावर थाना प्रभारी को अपने सूत्रों की जानकारी के आधार पर झालावाड़ भेजा है।