कोटा जिले में डेंगू पैर पसार रहा है। डेंगू के डंक ने आज दो की जान ले ली। आंकड़ों की बात करें तो इस साल जिले में डेंगू पॉजिटिव का आंकड़ा 292 पहुंच गया है। जबकि स्क्रब टायफस के 69 मामले सामने आ चुके है। स्क्रब टायफस से एक महिला की मौत हो चुकी है। शहर में एसडीपी की डिमांड भी बढ़ने लगी है। इधर एमबीएस हॉस्पिटल के महिला फीमेल वार्ड में भर्ती मरीजों को मच्छरों से बचाने के लिए मच्चरदानी लगाई गई है।
कोटा. जिले में डेंगू पैर पसार रहा है। डेंगू के डंक ने आज दो की जान ले ली। इनमें एक 12 साल का लड़का भी शामिल है। मिली जानकारी के अनुसार इन्द्र विहार निवासी चिराग बिनानी (30) की डेंगू एन्सेफलाइटिस से उपचार के दौरान मौत हो गई। चिराग को 23 अगस्त को तेज बुखार आया था। उसे 25 अगस्त को एक निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया। उसकी प्लेटलेट्स डाउन हो गई थी। कोमा में चला गया। देर रात इलाज के दौरान दम तोड़ दिया। चिराग की पिछले साल ही शादी हुई थी।
केशवपुरा क्षेत्र निवासी मोबाइल व्यवसायी पारस वर्मा के बेटे वेदांत वर्मा (12) को बुखार की शिकायत पर सुबह निजी हॉस्पिटल लेकर आए थे। डेंगू टेस्ट करवाया गया। प्लेटलेट्स डाउन होने पर एसडीपी की डिमांड की गई। एसडीपी के लिए तैयारी की जा रही थी, तभी दोपहर तीन बजे उसकी मौत हो गई। हालांकि सीएमएचओ ने दोनों मौत की पुष्टि नहीं की है। सीएमएचओ डॉक्टर जगदीश सोनी ने बताया कि उनके पास रिपोर्ट नहीं आई है।
चिकित्सा विभाग की कोशिशों के बाद भी डेंगू का लार्वा नष्ट नहीं हो पा रहा। हर दिन 10 से ज्यादा नए मरीज सामने आ रहे है। चिकित्सा विभाग की आज की रिपोर्ट में भी डेंगू के 15 नए मामले सामने आए है। जबकि स्क्रब टायफस के 5 नए मरीज मिले है। आंकड़ों की बात करें तो इस साल जिले में डेंगू पॉजिटिव का आंकड़ा 292 पहुंच गया है। जबकि स्क्रब टायफस के 69 मामले सामने आ चुके है। स्क्रब टायफस से एक महिला की मौत हो चुकी है।
इलाको में पैर पसार रहा डेंगू
शहर में 6 इलाको में 10-10 से ज्यादा डेंगू के केस सामने आए है। इनमें सबसे ज्यादा तलवंडी इलाके में मिले है। यहां डेंगू के केस 100 के पार हो चुके है। इसके अलावा रंगबाड़ी, विज्ञाननगर, अनन्तपुरा कुन्हाड़ी, महावीर नगर में भी डेंगू पैर पसार रहा है। शहर में एसडीपी की डिमांड भी बढ़ने लगी है। इधर एमबीएस हॉस्पिटल के महिला फीमेल वार्ड में भर्ती मरीजों को मच्छरों से बचाने के लिए मच्चरदानी लगाई गई है।
निगम ने शुरू नही की फॉगिंग
डेंगू के बढ़ते मामलों के बीच अभी तक निगम की टीम ने शहर में फॉगिंग शुरू नहीं की है। ना ही घरों व हॉस्टल में लार्वा मिलने पर चालान काटना शुरू किया है। फिलहाल चिकित्सा विभाग की टीमें ही फॉगिंग, लार्वा एक्टिविटी व सर्वे में लगी है।