शहर समेत ग्रामीण क्षेत्रों में रविवार शाम को अचानक मौसम ने पलटा खाया और जमकर बादल बरसे। बिजलिया चमकी, बादल गरजे और झमाझम बारिश हुई। बारिश के संग ओलो की बरसात भी हुई। बारिश व ओलो ने लोगों की मुश्किलें बढ़ा दी है।
कोटा. शहर समेत ग्रामीण क्षेत्रों में रविवार शाम को अचानक मौसम ने पलटा खाया और जमकर बादल बरसे। बिजलिया चमकी, बादल गरजे और झमाझम बारिश हुई। बारिश के संग ओलो की बरसात भी हुई। बारिश व ओलो ने लोगों की मुश्किलें बढ़ा दी है।
बारिश के कारण नीचले इलकों में जलभराव की स्थिति हो गई। कई नाले उफन गए। सड़कों पर पानी बह निकला। कई इलाकों की बिजली गुल हो गई। बारिश से खुले आसमान में गुजर-बसर करने वालों की मुश्किलें बढ़ गई। बारिश और ठंडी हवा के कारण गलन और बढ़ गई। ग्रामीण में अरण्डखेड़ा क्षेत्र के दीपपुरा में 20 मिनट हुई बारिश के साथ 5 मिनट तक चने के आकार के ओले गिरे। किसान रामेश्वर मालव व अन्य किसानों ने बताया कि ओलो से खेतों में खड़ी सरसों, धनिया व लहसुन की फसल में नुकसान हुआ है। बारिश के चलते विद्युत आपूर्ति ठप रही।
मावठ से खिले किसानों के चेहरे
बूंदी. जिले में रविवार को मौसम का मिजाज बिगड़ा रहा। बूंदी सहित कई स्थानों पर मावठ गिरी। करवर व रामगंजबालाजी में बारिश के साथ चने के आकार के ओले गिरे। बूंदी शहर में रुक रुककर शाम साढ़े छह बजे तक मावठ गिरी। यहां दिनभर घना कोहरा छाया रहा। हाइवे पर वाहनों की लाइट जलानी पड़ी। रविवार को अधिकतम तापमान 23 व न्यूनतम 15 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। इधर, मावठ ने किसानों के चेहरे खिला दिए। गेहंू की फ सल को मावठ से सर्वाधिक लाभ मिला। बूंदी में 5, तालेड़ा में 10, इंद्रगढ़ में 8, नैनवां में 3, हिण्डोली में 2 मिमी बारिश दर्ज की गई।