आयकर विभाग ने कोटा स्टोन माइनिंग समूह से जुड़े तीन कारोबारियों के दर्जन भर ठिकानों पर छापे मारे। इस कार्रवाई में 100 से ज्यादा अधिकारी जुटे हुए हैं।
आयकर विभाग उदयपुर की अन्वेषण इकाई ने बुधवार अलसुबह कोटा , रामगंजमंडी और झालावाड़ जिले में कोटा स्टोन माइनिंग समूह से जुड़े तीन खान कारोबारियों दर्जन भर ठिकानों पर छापे मारे हैं। कोटा स्टोन माइनिगं समूह से जुड़े इन तीनों कारोबारियों के साझेदारों, सहयोगियों और रिस्तेदारों को भी आयकर विभाग ने जांच के दायरे में शामिल किया है। आयकर अधिकारियों ने बताया कि कोटा स्टोन माइनिंग से जुड़े तीनों कारेाबारी समूहों के यहां भारी मात्रा में अघोषित आय उजागर होने की संभावना है।
आयकर विभाग उदयपुर, जयपुर , जोधपुर , टोंक और सवाईमाधोपुर के करीब 100 आयकर अधिकारी-कर्मचारी मंगलवार रात ही कोटा शहर में पहुंच गए थे। जिन्होंने योजनाबद्ध तरीके से अलग-अलग टीमें गठित की और तड़के अपने टॉस्क के लिए रवाना हो गए। करीब पांच आयकर विभाग की सभी टीमें कोटा स्टोन माइनिंग के तीनों कारोबारी समूहों के प्रतिष्ठानों पर पहुंच गईं और एक साथ सभी ठिकानों पर आयकर सर्वे की कार्रवाई शुरू की। इस कार्रवाई में आयकर विभाग ने पुलिस की भी मदद ली। अभी तक सभी कारोाबरियों के एक दर्जन से अधिक प्रतिष्ठानों पर सर्वे की कार्रवाई लगातार जारी रही। जिनके यहां से आय-व्यय का पूरा रिकॉर्ड जब्त कर लिया गया। जिनकी जांच की जा रही है।
जांच में मिले झालावाड़ में भी खान होने के दस्तावेज
कोटा स्टोन माइनिंग से जुड़े एक कारोबारी समूह के घर पर हुई आयकर सर्वे की कार्रवाई में खुलासा हुआ कि उनकी एक खदान झालावाड़ जिले में भी है। जिसके दस्तावेज मिलने के बाद आयकर विभाग की एक टीम झालावाड़ जिले में भी उक्त खदान की आय-व्यय के रिकॉर्ड की जांच कर करने पहुंच गई। खान मालिकों के कोटा में महावीर, इन्द्रविहार, इन्द्रप्रस्थ औद्योगिक क्षेत्र स्थित फैक्ट्रियों, कार्यालयों व दफ्तरों में आयकर की कार्रवाई चल रही है। विभागीय सूत्रों का मानना है कि कोटा के खान व्यवसायी के यहां पर आय छिपाने के कई दस्तावेज भी मिले हैं। जिन्हें जब्त कर जांच की जा रही है।
आयकर अधिकारियों से अभद्रता, बुलानी पड़ी पुलिस
सुबह 5 बजे जब सुकेत स्थित कोटा स्टोन व्यवसायी के ठिकाने पर आयकर सर्वे की कार्रवाई शुरू हुई तो व्यवसायी के परिजनों व अन्य लोगों ने आयकर अधिकारियों के साथ अभद्रता कर डाली। उन्हें घर में घुसने तक से रोकने की कोशिश की गई। जिसके बाद आयकर विभाग की टीम को अतरिक्त पुलिस सुरक्षा मांगनी पड़ी। सूचना मिलते ही रामगंजमंडी थाने से सीआई मनोज सिखरवार पुलिस जाप्ता लेकर मौके पर पहुंचे तब जाकर सर्वे की कार्रवाई शुरू हो सकी।
कोचिंग, रियल एस्टेट समूह पर कार्रवाई
कोटा स्टोन व्यवसायी से पूर्व शहर के दो नामी कोचिंग संस्थानों व ऑटो मोबाइल, रियल एस्टेट कारोबारी के यहां विभाग ने आयकर सर्वे की कार्रवाई की थी। ये कार्रवाईयां तीन-चार दिन तक चली थी। इसमें विभाग को करोड़ों की अघोषित आय उजागर हुई थी।