
संयुक्त निदेशक ने लिए बयान
बूंदी. जनाना अस्पताल में शनिवार को बच्चे को जन्म देने के बाद प्रसूता की मौत के मामले में कोटा संभाग के संयुक्त निदेशक चिकित्सा एवं स्वास्थ्य सेवाएं डॉ. जगदीश सोनी मंगलवार को बूंदी पहुंचे। उन्होंने प्रसूता की मृत्यु होने समीक्षा की और घटनाक्रम से जुड़े चिकित्सकीय एवं अन्य पहलुओं की बारीकी से जानकारी ली।
समीक्षा के दौरान मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. ओ.पी. सामर, पीएमओ डॉ. एल.एन. मीणा तथा एडिशनल सीएमएचओ डॉ. कमलेश शर्मा सहित संबंधित अधिकारी एवं स्टाफ मौजूद रहे। अधिकारियों ने प्रसूता को अस्पताल में लाए जाने से लेकर उपचार, चिकित्सकीय निगरानी, आवश्यक चिकित्सा प्रबंधन एवं आगे की प्रक्रिया से संबंधित जानकारी ली।
जेडी डॉ. जगदीश सोनी ने मामले से जुड़े स्टाफ से गहनता से पूछताछ कर उनके बयान लिए। उन्होंने प्रत्येक स्तर पर अपनाई गई प्रक्रिया की जानकारी ली।उन्होंने बताया कि गर्भवती महिला की देखभाल में किसी भी स्तर पर लापरवाही सामने आती है तो उसे गंभीरता से लिया जाएगा और जांच में दोषी पाए जाने वाले कार्मिक के विरुद्ध नियमानुसार कड़ी कार्रवाई अमल में लाई जाएगी। हाई रिस्क प्रेग्नेंसी की समय पर पहचान, लगातार मॉनिटरिंग और आवश्यकता होने पर तत्काल उच्च स्तरीय चिकित्सा संस्थान पर रेफरल में किसी भी प्रकार की देरी नहीं होनी चाहिए। गोरतलब है कि शनिवार को बच्चे के जन्म के बाद प्रसूता की मौत हो गई थी। परिजनों ने हंगामा करते हुए स्त्रीरोग विशेषज्ञ चन्द्रेश मीना पर लापरवाही का आरोप लगाते हुए उन्हें जिले से बाहर नियुक्ति देने की मांग की थी।