
Rajnagar Awasiya Yojana: कोटा विकास प्राधिकरण (केडीए) की ओर से विकसित प्रताप सिंह बारहठ आवासीय योजना और राजनगर आवासीय योजना का शुभारंभ गुरुवार को प्राधिकरण के नवीन भवन में आयुक्त बचनेश कुमार अग्रवाल ने किया। दोनों में मिलकर कुल 265 भूखंड है। आयुक्त अग्रवाल ने कहा कि शहरवासियों को सुनियोजित एवं आधुनिक आवासीय सुविधाएं उपलब्ध कराने की दिशा में यह एक महत्वपूर्ण पहल है। इन योजनाओं के माध्यम से आमजन को किफायती दरों पर आवासीय भूखंड उपलब्ध कराए जा रहे हैं।
उन्होंने बताया कि राजनगर आवासीय योजना में कुल 28 भूखंड उपलब्ध हैं। इनमें ईडब्ल्यूएस श्रेणी के 6 भूखंड (4.5×9 मीटर) तथा एलआइजी श्रेणी के 22 भूखंड (6×12 मीटर) शामिल हैं। इस योजना में भूखंडों की दर 1300 रुपए प्रति वर्गफीट निर्धारित की गई है। योजना कोटा-बारां बाइपास से मात्र 300 मीटर की दूरी पर स्थित है तथा देवली अरब लिंक रोड से इसकी सीधी पहुंच उपलब्ध है।
इसी प्रकार प्रताप सिंह बारहठ आवासीय योजना में कुल 237 भूखंड उपलब्ध हैं। इनमें ईडब्ल्यूएस श्रेणी के 97 भूखंड (4.5×9 मीटर), एलआइजी श्रेणी के 56 भूखंड (6×12 मीटर) तथा एमआइजी श्रेणी के 84 भूखंड (7.5×15 मीटर) शामिल हैं। इस योजना में भूखंडों की दर 1010 रुपए प्रति वर्गफीट निर्धारित की गई है। योजना बारां रोड क्षेत्र में विकसित की गई है, जहां पार्क एवं खेल मैदान के लिए भी विशेष प्रावधान किया गया है। आयुक्त ने बताया कि दोनों योजनाओं में सड़क, पेयजल, विद्युत, जल निकासी तथा अन्य आवश्यक आधारभूत सुविधाओं का समुचित विकास किया गया है, जिससे नागरिकों को सुरक्षित एवं सुव्यवस्थित आवासीय वातावरण उपलब्ध हो सके।
उन्होंने बताया कि योजनाओं के आवेदन पत्र 18 जून 2026 से उपलब्ध हैं तथा आवेदन जमा कराने की अंतिम तिथि 17 जुलाई 2026 निर्धारित की गई है। आवेदन पत्र पंजाब नेशनल बैंक की सभी शाखाओं, राजस्थान के अन्य जिला मुख्यालयों स्थित नोडल शाखाओं तथा केडीए परिसर में स्थापित काउंटर से प्राप्त एवं जमा किए जा सकेंगे।
आयुक्त ने आमजन से इन जनहितकारी योजनाओं का अधिकाधिक लाभ उठाने और अपने सपनों का घर साकार करने की दिशा में आगे बढ़ने का आह्वान किया। कार्यक्रम में सचिव मुकेश कुमार चौधरी, उपायुक्त अनिल सिंघल, हर्षित वर्मा, निदेशक (वित्त) रोहित दीक्षित, निदेशक (प्लानिंग) भूपेश मालव, लेखाधिकारी डॉ. नीतू सिंह तथा पंजाब नेशनल बैंक के अधिकारी उपस्थित रहे।